
उत्तर प्रदेश में एडेड जूनियर भर्ती में एक गलती ने हजारों छात्रों से नौकरी का मौका छीन लिया है। यहां परीक्षा के समय छात्रों ने ओएमआर शीट गलत भर दी। दरअसल, छात्रों ने ओएमआर शीट में निर्धारित गोले की जगह पर गलत गोले में विषय या सीरीज भर दिया था। उदाहरण के तौर पर हिन्दी विषय के प्रश्नों का उत्तर लिखा, लेकिन विषय में गोले की जगह संस्कृत भर दिया। जिसके चलते तकरीबन ढाई हजार छात्रों को पास होने के लिए आवश्यकता से ज्यादा नंबर लाने के बावजूद फेल कर दिया गया। 15 नवंबर 2021 को पहली बार जारी इस भर्ती के दौरान हुई इस गलती का पुर्नमूल्यांकन हुआ तो गड़बड़ी पकड़ में आई जिसके बाद छह सितंबर को घोषित संशोधित परिणाम में इन सभी को फेल कर दिया गया।
6 हजार छात्रों की ओएमआर शीट का मूल्यांकन नहीं
बता दें कि एडेड जूनियर भर्ती की परीक्षा के दौरान ओएमआर सीट में छात्रों द्वारा गलत गोला भरने के कारण आठ अप्रैल को घोषित उप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा के परिणाम में पास होने के बा भी करीब छह हजार छात्रों की ओएमआर शीट का मूल्यांकन नहीं किया गया था। वहीं टीईटी के दौरान भाषा, रोल नंबर, बुकलेट सीरीज आदि का गोला सही नहीं भरने या एक से अधिक गोला भरने के कारण इन अभ्यर्थियों का परिणाम घोषित ही नहीं किया गया था। इतना ही नहीं सहायता प्राप्त माध्यमिक स्कूलों में प्रशिक्षित स्नातक 2016 भर्ती में सामाजिक विज्ञान विषय से करीब 125 छात्रों को बाहर कर दिया गया था क्योंकि उन्होंने गलत गोला भरा था।
गलत ओएमआर शीट का मूल्यांकन कंप्यूटर नहीं करता
हालांकि इन अभ्यर्थियों की काबिलियत का अंदाजा इसी बात से लगा सकते हैं कि बाद में इनमें से लगभग 80 का चयन राजकीय विद्यालयों में सहायक अध्यापक एलटी ग्रेड भर्ती 2018 में हो गया था। वहीं सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी अनिल भूषण चतुर्वेदी ने बताया कि ओएमआर शीट के आधार पर कराई जाने वाली परीक्षा में स्पष्ट निर्देश दिए जाते हैं कि उत्तर पत्रक के गोले सावधानीपूर्वक भरें। गलत विषय, सीरीज आदि भरने के कारण कंप्यूटर ऐसी ओएमआर शीट का मूल्यांकन नहीं करता।
Published on:
11 Sept 2022 10:36 am
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