
यूपी में पंचायत चुनाव में 9 अंकों के नया वोटर नंबर लागू करने का क्या है कारण? फोटो सोर्स-पत्रिका न्यूज
Panchayat Chunav Latest Update UP: उत्तर प्रदेशमें त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की तैयारियों के बीच बहुप्रतीक्षित अंतिम मतदाता सूची बुधवार को जारी की जाएगी। राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदाता पुनरीक्षण अभियान की सभी प्रक्रियाएं पूरी कर ली हैं और दावे-आपत्तियों के निस्तारण के बाद सूची को अंतिम रूप दे दिया गया है। अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के साथ ही पंचायत चुनाव की अधिसूचना और चुनाव कार्यक्रम को लेकर भी गतिविधियां तेज होने की उम्मीद है।
राज्य निर्वाचन आयोग ने 18 दिसंबर 2025 को पंचायत चुनाव के लिए अनंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की थी। इसके बाद मतदाताओं, राजनीतिक दलों और अन्य संबंधित पक्षों से दावे और आपत्तियां मांगी गई थीं। बड़ी संख्या में प्राप्त आपत्तियों और उनके सत्यापन की प्रक्रिया में समय लगने के कारण अंतिम सूची जारी करने की तारीख पांच बार बढ़ानी पड़ी।
आयोग के अधिकारियों का कहना है कि अब सभी आपत्तियों का निस्तारण कर लिया गया है और सूची पूरी तरह तैयार है। इसलिए इसके प्रकाशन में अब किसी प्रकार की देरी नहीं होगी।
18 दिसंबर 2025 को जारी अनंतिम सूची के अनुसार पंचायत चुनावकी मतदाता सूची में करीब 1.81 करोड़ नए मतदाताओं के नाम जोड़े गए थे। वहीं, विभिन्न कारणों से लगभग 1.41 करोड़ नाम सूची से हटाए गए थे।
इस प्रक्रिया के बाद पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में कुल 40.19 लाख मतदाताओं की शुद्ध बढ़ोतरी दर्ज की गई थी। इसके बाद प्राप्त दावों और आपत्तियों पर सुनवाई कर आवश्यक संशोधन किए गए हैं, जिन्हें अंतिम सूची में शामिल किया गया है।
इस बार पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में एक बड़ा बदलाव किया गया है। आयोग ने प्रत्येक मतदाता को 9 अंकों का नया स्टेट वोटर नंबर आवंटित किया है।
आयोग का कहना है कि इस नई व्यवस्था का उद्देश्य मतदाताओं की पहचान को अधिक सटीक बनाना और चुनावी प्रबंधन को व्यवस्थित करना है। नए नंबर के जरिए मतदाता रिकॉर्ड का डिजिटलीकरण बेहतर होगा, दोहराव की संभावना कम होगी और चुनाव संबंधी प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी।
अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद पंचायत चुनाव की दिशा में अगला चरण शुरू होने की संभावना है। आयोग की ओर से अधिसूचना, आरक्षण, निर्वाचन कार्यक्रम और मतदान तिथियों को लेकर आगे की प्रक्रिया तेज की जा सकती है।
राजनीतिक दलों और संभावित प्रत्याशियों की नजर भी अंतिम मतदाता सूची पर टिकी हुई है, क्योंकि इसी के आधार पर चुनावी रणनीति और क्षेत्रवार गणित तय किया जाएगा।
Updated on:
10 Jun 2026 07:30 am
Published on:
10 Jun 2026 07:30 am
