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‘अब पापा हमेशा मेरे साथ हैं’, छोटी बेटी पद्मजा ने हाथ पर बनवाया पिता प्रतीक यादव का टैटू

Padmaja Emotional Story 2026 : पिता को खोने का दर्द सात वर्षीय पद्मजा के मासूम दिल में गहराई से बस गया। उसने अपने हाथ पर पिता प्रतीक यादव की तस्वीर का टैटू बनवाकर भावुक श्रद्धांजलि दी।
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लखनऊ

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Ritesh Singh

•

Updated: 2 Jun 2026, 12:28 PM IST

हाथों में पिता की स्मृति: छोटी पद्मजा ने टैटू में बसाया अपने “पापा” को (फोटो सोर्स : भाषा संवाद WhatsApp News Group)

हाथों में पिता की स्मृति: छोटी पद्मजा ने टैटू में बसाया अपने “पापा” को (फोटो सोर्स : भाषा संवाद WhatsApp News Group)

Prateek Yadav daughter Padmaja Emotional Story : Mulayam Singh Yadav के परिवार से जुड़ी एक भावुक तस्वीर इन दिनों लोगों की आंखें नम कर रही है। परिवार के सबसे छोटे बेटे Prateek Yadav के निधन के बाद उनकी सात वर्षीय बेटी पद्मजा ने अपने पिता की याद को खास अंदाज में संजोया है। पद्मजा ने अपने हाथ पर एक भावुक टैटू बनवाया है, जिसमें पिता प्रतीक यादव उन्हें प्यार से गले लगाए हुए नजर आ रहे हैं।

टैटू आर्टिस्ट साक्षी पंवार ने इंस्टाग्राम पर इसका वीडियो शेयर किया है। वीडियो में पद्मजा अपने नन्हें हाथ पर पिता की मुस्कुराती तस्वीर का टैटू बनवाती नजर आ रही है। वह बार-बार अपने हाथ को देखती है और हल्की मुस्कान के साथ कहती है ‌कि अब पापा हमेशा मेरे साथ हैं। इस वीडियो को अभी तक 50 हजार से अधिक लाइक मिल चुके हैं। बताया जा रहा है कि इससे पहले वह प्रतीक यादव की मां का टैटू भी बना चुकी हैं।

अचानक टूट गया परिवार का सहारा

13 मई 2026 को Prateek Yadav का मात्र 38 वर्ष की आयु में निधन हो गया था। लंबे समय से वे फेफड़ों की गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। जानकारी के अनुसार उन्हें पल्मोनरी थ्रोम्बो एम्बोलिज्म की समस्या थी, जिसमें फेफड़ों में खून का बड़ा थक्का जम जाता है। इलाज लगातार चल रहा था, लेकिन अचानक कार्डियो-रेस्पिरेटरी कोलैप्स होने से उनकी हालत बिगड़ गई और उन्हें बचाया नहीं जा सका।

पिता की दुनिया थी बेटियां

Aparna Yadav और प्रतीक यादव की दो बेटियां हैं - बड़ी बेटी प्रथमा और छोटी पद्मजा। परिवार के करीबी बताते हैं कि प्रतीक अपनी बेटियों से बेहद प्यार करते थे। उनकी दिनचर्या चाहे कितनी भी व्यस्त क्यों न हो, वे बेटियों के साथ समय बिताना कभी नहीं भूलते थे।

घर में खेलना, कहानियां सुनाना, बाहर घूमने ले जाना और छोटी-छोटी बातों पर बच्चियों को हंसाना, यही उनके जीवन की सबसे बड़ी खुशी थी। शायद यही वजह है कि पिता के अचानक चले जाने के बाद दोनों बच्चियां गहरे सदमे में हैं। खासकर छोटी पद्मजा अभी भी अपने पिता की यादों से बाहर नहीं निकल पाई है। करीबियों के मुताबिक, वह अक्सर चुपचाप बैठकर अपने पिता की तस्वीरें देखती रहती है। कई बार वह मां से पूछती है कि “पापा कब आएंगे?” ऐसे मासूम सवाल पूरे परिवार को भावुक कर देते हैं।

सोशल मीडिया पर उमड़ा भावनाओं का सैलाब

पद्मजा का यह वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाओं का सैलाब उमड़ पड़ा। किसी ने इसे बेटी का सबसे बड़ा प्यार बताया तो किसी ने कहा कि पिता-बेटी का रिश्ता दुनिया का सबसे खूबसूरत रिश्ता होता है। कई लोगों ने लिखा कि इतनी छोटी उम्र में इतना बड़ा दुख सहना आसान नहीं होता। वहीं कुछ यूजर्स ने बच्ची के साहस की भी सराहना की। लोगों का कहना है कि यह टैटू सिर्फ एक तस्वीर नहीं, बल्कि एक बेटी की अपने पिता के प्रति अमर श्रद्धांजलि है।