
नए परीक्षा कानून पर दानिश आजाद अंसारी का बयान
Public Examinations Amendment Bill 2026: सार्वजनिक परीक्षाओं में नकल और पेपर लीक पर लगाम कसने के लिए केंद्र सरकार की ओर से लाए गए पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 पर उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने इसे युवाओं के हित में उठाया गया बड़ा कदम बताया है। उन्होंने कहा कि यह फैसला उन लाखों छात्रों का भरोसा मजबूत करेगा, जो ईमानदारी से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं।
दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए यह ऐतिहासिक पहल की है। उनके मुताबिक, सरकार लगातार ऐसी व्यवस्था बनाने की दिशा में काम कर रही है, जिससे परीक्षाएं निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हो सकें। उन्होंने कहा कि इस संशोधन के जरिए सरकार ने देश के युवाओं, खासकर Gen-Z की उन चिंताओं को दूर करने की कोशिश की है, जो हाल के वर्षों में पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ियों को लेकर सामने आई थीं।
राज्य मंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जब सरकार कोई सकारात्मक और जनहित का फैसला लेती है, तब विपक्ष की जिम्मेदारी होती है कि वह उसका स्वागत करे, सहयोग दे और अगर जरूरत हो तो रचनात्मक सुझाव भी दे। उनका कहना था कि दुर्भाग्य से विपक्ष हर मुद्दे पर केवल विरोध की राजनीति करता है। ऐसे बयान यही दिखाते हैं कि उनका ध्यान सकारात्मक सहयोग से ज्यादा राजनीतिक विरोध पर रहता है।
गौरतलब है कि पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 का उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षाओं में नकल, पेपर लीक और अन्य अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करना है। सरकार का कहना है कि इससे परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और मेहनत करने वाले छात्रों के हितों की बेहतर सुरक्षा होगी। सरकार का मानना है कि इस तरह के कानून से प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता मजबूत होगी और युवाओं का परीक्षा प्रणाली पर भरोसा बढ़ेगा।
Updated on:
30 Jul 2026 10:36 am
Published on:
30 Jul 2026 10:36 am
