दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए यह ऐतिहासिक पहल की है। उनके मुताबिक, सरकार लगातार ऐसी व्यवस्था बनाने की दिशा में काम कर रही है, जिससे परीक्षाएं निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हो सकें। उन्होंने कहा कि इस संशोधन के जरिए सरकार ने देश के युवाओं, खासकर Gen-Z की उन चिंताओं को दूर करने की कोशिश की है, जो हाल के वर्षों में पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ियों को लेकर सामने आई थीं।