
Udaipur Killing
उदयपुर में दर्जी कन्हैयालाल तेली की तालीबानी हत्या के बाद गिरफ्तार आरोपियों व घटना के पीछे यूपी कनेक्शन तलाशने के लिए यूपीएटीएस के चार सदस्यों की टीम उदयपुर भेजी गई है। एटीएस गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों से पूछताछ करेगी। वहीं, आरोपियों के पास से बरामद किए गए मोबाइल के डाटा को भी कलेक्ट किया जाएगा। एएसपी स्तर के अधिकारी के नेतृत्व में दो इंस्पेक्टर व एक सिपाही की संयुक्त टीम आरोपियों के यूपी कनेक्शन पर पूछताछ करेगी। टीम इस ओर भी जांच करेगी कि कहीं घटना से पहले आरोपियों ने यूपी के नंबरों पर बात तो नहीं की गई है। घटना के लिए जिम्मेदारी लेने वाले संगठन दावते इस्लाम के तार यूपी से जुड़े हुए भी माने जा रहे हैं। ऐसे में यह संभावनाएं हैं कि आरोपियों ने घटना से पहले यूपी के उन लोगों से संपर्क किया हो जो इस संगठन से जुड़े हुए हैं। एटीएस की टीम उदयपुर में एनआईए के अधिकारियों से इस्लामिक संगठन के बारे में भी इनपुट जुटाएगी।
यूपी में भी दावते इस्लामी संगठन के सदस्य होने की आशंका
यूपीएटीएस से जुड़े एक अधिकारी का कहना है कि अभी तक घटना व आरोपियों के संबंध में यूपी का कोई कनेक्शन नहीं मिला है। हालांकि, जिस तरह दावते इस्लामी संगठन का हाथ सामने आया है ऐसे में यह संभावनाएं हैं कि यूपी में भी दावते इस्लामी संगठन के सदस्य हो सकते हैं। ऐसे में यूपी एटीएस उन तमाम तथ्यों पर काम कर रही है जिससे या स्पष्ट हो सके कि उदयपुर में हुई घटना का कोई यूपी कनेक्शन तो नहीं है। कई संदिग्धों पर एटीएस की विभिन्न टीम में नजर बनाए हुए हैं। घटना के बाद गिरफ्तार किए गए आरोपियों के मोबाइल फोन व सोशल मीडिया अकाउंट से विस्तृत जानकारी मिलने की संभावना है।
मोहम्मद रियाज और गौस मोहम्मद के कानपुर से जुड़े होने की बात आई थी सामने
बता दें कि इससे पहले NIA की जांच में आतंकी मोहम्मद रियाज और गौस मोहम्मद के कानपुर से जुड़े होने की बात सामने आई। यूपी एटीएसने इसकी जानकारी होते ही अपनी सतर्कता यूपी से लेकर राजस्थान तक बढ़ा दी।
Published on:
02 Jul 2022 02:15 pm
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