
UGC NET परीक्षा के बदले पैटर्न ने दी छात्रों को राहत, जानें क्या हुआ परीक्षा में
लखनऊ. नेशनल एलिजिबिलिटी टेस्ट (नेट) की परीक्षा रविवार को आयोजित की गई। इस बार का बदला हुआ पैटर्न छात्रों को काफी भाया। राजधानी में इस बार 33 हजार परीक्षार्थी पंजीकृत थे लेकिन परीक्षा में करीब 80 फीसदी अभ्यर्थी शामिल हुए। बदले हुए परीक्षा पैटर्न से अभ्यर्थियों में खुशी दिखाई दी। हालांकि समय की कमी से कुछ अभ्यर्थी परेशान भी हुए लेकिन बदला हुआ पैटर्न उन्हें ठीक लगा।
यूजीसी ने इस बार इस पैटर्न को बदलकर तीन की जगह सिर्फ पेपर ही करवाए। जिसमें एक टीचिंग एबिलिटी व दूसरा अभ्यर्थियों के विषय से संबंधित। पहले प्रश्न पत्र में 50 प्रश्न पत्र थे। जबकि दूसरे में सौ प्रश्न पूछे गए।
पिछली बार से आसान थी परीक्षा
परीक्षा सम्पन्न होने के बाद बातचीत में अभ्यर्थियों का कहना था कि जो भी प्रश्न पूछे गए वह सिलेबस से ही थी। हालांकि एक घंटे में 50 व दो घंटे में 100 प्रश्न हल करने में थोड़ा समय कम पड़ गया, क्योंकि पिछली बार पहले पेपर को हल करने के लिए 75 मिनट का समय दिया गया था। कुलमिलाकर अधिकतर अभ्यर्थियों ने पिछली बार की नेट की परीक्षा से इस परीक्षा को आसान बताया। यही वजह है कि जानकारों का मानना है कि इस बार इसकी मेरिट थोड़ी अधिक जाएगी।
पिछली बार से अधिक आए अभ्यर्थी
इस बार नेट की परीक्षा में पिछली बार से ज्यादा अभ्यर्थी आए। पिछले साल नवंबर जो परीक्षा आयोजित हुई थी उसमें 27 हजार अभ्यर्थी शामिल हुए थे, जबकि इस बार राजधानी में 33 हजार अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। इस वजह से इस बार नौ अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। पिछली बार 50 परीक्षा केंद्र थे वहीं रविवार को 59 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा हुई।
अब सीबीएसई नहीं कराएगा ये परीक्षा
यह सीबीएसई की ओर से आयोजित आखिरी नेट परीक्षा थी। अब मानव संसाधन विकास मंत्रालय(एमएचआरडी) ने नेट की परीक्षा के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी का गठन कर दिया है। अब सभी प्रतियोगी परीक्षाएं यही एजेंसी आयोजित कराएगी।
Published on:
08 Jul 2018 08:47 pm
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