1 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

यूपी सरकार का राज्यकर्मियों को दिवाली गिफ्ट, डीए में चार प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ मिलेगा बोनस

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मियों को दिवाली का तोहफा देते हुए डीए 34 से बढ़ाकर 38 प्रतिशत कर दिया है। इसके साथ ही बाेनस देने का भी ऐलान किया है।

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

lokesh verma

Oct 18, 2022

yogi-government-diwali-gift-four-percent-increase-in-da-and-bonus-to-state-workers-of-uttar-pradesh.jpg

केंद्र सरकार की ओर से डीए में चार प्रतिशत की बढ़ोतरी के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने भी राज्यकर्मियों को दिवाली का तोहफा देने का फैसला किया है। योगी सरकार राज्यकर्मियों को अक्टूबर के वेतन और पेंशन में ही महंगाई भत्ते और महंगाई राहत का भुगतान करेगी। बताया जा रहा है कि इससे प्रति माह 296 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा। वहीं जुलाई से अक्टूबर तक कुल व्ययभार 1184 करोड़ रुपये पड़ेगा। वहीं, पुराने पेंशन सिस्टम के दायरे में आने वाले राज्यकर्मियों के जीपीएफ में 387 करोड़ जमा किए जाएंगे, जबकि शेष के लिए 797 करोड़ का भुगतान करना होगा।

केंद्र सरकार के बाद यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्यकर्मियों, पेंशनर्स और पारिवारिक पेंशनर्स के महंगाई भत्ते के साथ महंगाई राहत 34 प्रतिशत से बढ़ाते हुए 38 प्रतिशत करने को हरी झंडी दे दी है। ये बढ़ोतरी एक जुलाई 2022 से लागू होगी। इतना ही नहीं राज्यकर्मियों को बोनस भी मिलेगा। बताया जा रहा है कि डीए में बढ़ोतरी और बोनस देने का फैसला एक साथ लिए जाने से नकद व्ययभार 1436 करोड़ रुपये पड़ेगा।

यह भी पढ़े - दीपोत्सव में पीएम मोदी के शामिल होने की संभावना, 19 को सीएम लेंगे जायजा

6908 रुपये का मिलेगा बोनस

सीएम योगी ने वित्त वर्ष 2021-22 के लिए सभी राज्य कर्मचारी को 6908 रुपये बोनस देने का निर्णय लिया है। वित्त वर्ष 2021-22 में मासिक परिलब्धियों की उच्चतम सीमा सात हजार रुपये के आधार पर 30 दिन का बोनस मिलेगा। बता दें कि यूपी में वर्तमान में करीब 14 लाख 82 हजार कर्मचारी बोनस पात्र हैं, जिन्हें बोनस देने में 1022 करोड़ रुपये का व्यय होंगे।

यह भी पढ़े - पेराई सत्र 2022-23 के लिए गन्ना सट्टा सीमा निर्धारित, इनको मिलेगी विशेष छूट

25 प्रतिशत कैश तो 75 प्रतिशत राशि जाएगी जीपीएफ में

बताया जा रहा है कि जीपीएफ के दायरे में आने वाले कर्मियों को 25 प्रतिशत कैश और 75 प्रतिशत राशि जीपीएफ में जाएगी। वहीं, जीपीएफ के दायरे में नहीं आने वाले कर्मियों को नकद भुगतान किया जाएगा। इस तरह 639 करोड़ रुपये नकद व्यय होगा तो 383 करोड़ रुपये जीपीएफ में जमा किए जाएंगे।