
फोटो सोर्स- पत्रिका
Death of Chandrashekhar Baba: मथुरा में चंद्रशेखर उर्फ फरसा वाले बाबा की मौत ने प्रशासन को हिला कर रख दिया। उनकी मौत से समर्थकों में भारी आक्रोश था। यह आक्रोश सड़क पर दिखाई पड़ा। इस संबंध में जिलाधिकारी ने बताया कि जिसने भी हत्या की अफवाह उड़ाई है, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बाबा के गौशाला की जिम्मेदारी सरकार लेगी और भी जो मांगें उनके सामने रखी गई हैं, उन्हें मान लिया गया है, जिसमें पुलिस चौकी बनाए जाने की भी मांग शामिल है। मामला कोसीकलां क्षेत्र का है।
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिलाधिकारी चंद्रप्रकाश सिंह ने कहा कि हरियाणा बॉर्डर पर सुबह 3:30 बजे सूचना मिली कि गौ सेवा का कार्य करने वाले चंद्रशेखर उर्फ फरसा बाबा अपने अनुयायियों के साथ नागालैंड नंबर की गाड़ी को चेक करने के लिए पहुंचे थे। उस समय घना कोहरा छाया था, विजिबिलिटी भी जीरो थी। पीछे से एक राजस्थान नंबर का ट्रक आया, जिससे टक्कर के बाद बाबा की मौत हो गई।
बाबा गांव में एक गौशाला चलाते थे, जिनकी क्षेत्र में गौसेवक और गौ रक्षक के रूप में मान्यता थी। जिनकी मौत के बाद उनके समर्थकों और अनुयायी आक्रोशित हो गए। जिसके बाद लॉ एंड ऑर्डर की समस्या खड़ी हुई। पुलिस ने हल्का बल का प्रयोग करके मामला शांत कराया।
जिलाधिकारी ने बताया कि बाबा जी को श्रद्धांजलि देने के लिए वह स्वयं और एसएसपी भी आए हुए हैं। इस मौके पर बाबा के अनुयायियों से भी बातचीत की। जिनकी कुछ मांगे थी। जिसमें गौशाला की व्यवस्था को लेकर प्रश्न सामने आया। जिस पर निर्णय लिया गया कि गौशाला की व्यवस्था सरकार देखेगी। इस संबंध में बीडीओ और एसडीएम को निर्देशित किया गया है।
बाबा जी को शहीद का दर्जा देने की भी मांग सामने आई। जिलाधिकारी ने कहा कि इसमें भी उन्हें कोई समस्या नहीं थी। गौशाला बाबा जी की है। यहीं पर उनकी समाधि बनाई जाएगी। इसमें प्रशासन भी मदद करेगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि यह एरिया हरियाणा राजस्थान का बॉर्डर, मेवात का क्षेत्र है। इस पर गौरक्षकों ने कहना था कि सुरक्षा की दृष्टिकोण से उन्हें लाइसेंस दिया जाए इस पर उन्हें आश्वासन दिया गया है कि जो भी पात्र व्यक्ति होंगे उन्हें नियमानुसार लाइसेंस दिया जाएगा।
अनुवाइयों की मांग थी कि यहां पर एक पुलिस चौकी बना दी जाए, इस पर भी उन्हें कोई समस्या नहीं नजर आई। एसएसपी से बातचीत हुई है। उन्होंने कहा कि इस पर विचार किया जाएगा। जिन लोगों को गिरफ्तार किया गया है, उनका भी मामला सामने आया है। क्योंकि उस समय पथराव किया गया था। ऐसे में कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। गुण-दोष के आधार पर उन्हें भी रिहा कर दिया जाएगा। कोई भी निर्दोष जेल नहीं भेजा जाएगा।
लेकिन जिसने भी बाबा की हत्या की अफवाह उड़ाई है, उसकी जांच की जाएगी। ईद के दिन इस तरह की अफवाह फैलाकर कानून व्यवस्था को बिगाड़ने का काम किया गया है। इसमें अन्य प्रांतों और जिलों के भी लोग शामिल हैं। बाबा के अनुयायियों से अपील है कि वे धैर्य का परिचय दें और अफवाहों पर ध्यान न दें।
जिलाधिकारी ने बताया कि ब्रज में 100 से अधिक सरकारी और 100 से ही अधिक निजी गौशाला है। यहां पर गोवंश से क्रूरता के विषय में सपने में भी नहीं सोच सकता है। बाबा जी की गौशाला और यहां के अनुयायियों को किसी प्रकार की समस्या नहीं आने दी जाएगी।
Updated on:
21 Mar 2026 07:42 pm
Published on:
21 Mar 2026 07:42 pm
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