
मथुरा के वृंदावन में आस्था और उल्लास का माहौल कुछ ही पलों में मातम में बदल गया। शुक्रवार की दोपहर जब यमुना की लहरों पर श्रद्धालु राधे-राधे का जाप कर रहे थे, तभी एक जोरदार टक्कर हुई और नाव पलट गई। चीख-पुकार और पानी की लहरों के बीच जिंदगी बचाने की जद्दोजहद शुरू हो गई, लेकिन देखते ही देखते 10 लोगों की मौत हो गई। हादसे से चंद मिनट पहले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
इस वीडियो को देखकर कलेजा मुंह को आता है। वीडियो में नाव पर सवार करीब 25 से 30 श्रद्धालु पूरी तरह भक्ति में डूबे नजर आ रहे हैं। कोई ताली बजा रहा है तो कोई हाथ उठाकर राधे-राधे का उद्घोष कर रहा है। चेहरों पर मुस्कान है और मन में कान्हा के दर्शन की तृप्ति। किसी को इस बात का जरा भी इल्म नहीं था कि अगले ही पल मौत उनके इतने करीब होगी। इस वीडियो में एक बात बिल्कुल साफ दिख रही है कि किसी भी श्रद्धालु ने लाइफ जैकेट नहीं पहनी थी।
यह दुखद घटना दोपहर के वक्त हुई जब पंजाब के लुधियाना और मुक्तेश्वर से आए करीब 150 श्रद्धालुओं का एक बड़ा जत्था वृंदावन पहुंचा था। इनमें से कुछ लोग श्रृंगार घाट से नाव पर सवार हुए। नाव जैसे ही यमुना के बीच पहुंची, वहां निर्माणाधीन पैंटून पुल से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि नाव का संतुलन पूरी तरह बिगड़ गया और वह पानी में समा गई। शांत बहती यमुना अचानक चीखों से गूंज उठी। स्थानीय लोग और कुछ मल्लाह तुरंत बचाव के लिए कूदे और लोगों को बाहर निकालना शुरू किया।
अब तक का रेस्क्यू अपडेट
मथुरा के डीआईजी शैलेश पांडे ने आधिकारिक पुष्टि की है कि इस हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं 12 लोग घायल हैं जिनका इलाज मांट सीएचसी अस्पताल में चल रहा है। गोताखोरों ने कड़ी मशक्कत के बाद 15 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चुनौती अभी भी लापता 5 श्रद्धालुओं को ढूंढना है। शाम ढलने तक एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, सेना और पीएसी के गोताखोर यमुना की गहराई खंगालते रहे। लापता लोगों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे अपनों की एक झलक पाने के लिए घाट पर टकटकी लगाए बैठे हैं।
मुख्यमंत्री ने व्यक्त की संवेदनाएं
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर गहरा दुख प्रकट किया है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि मथुरा में हुई यह दुर्घटना अत्यंत हृदय विदारक है। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि राहत और बचाव कार्यों में कोई कसर न छोड़ी जाए और घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज मुहैया कराया जाए। फिलहाल मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है और प्रशासन ने लोगों से धैर्य बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। यमुना के घाटों पर पसरा सन्नाटा और अपनों को खोने वालों की सिसकियां आज पूरे ब्रज क्षेत्र को गमगीन कर रही हैं।
Updated on:
10 Apr 2026, 9:23 PM IST
Published on:
10 Apr 2026, 9:23 PM IST
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