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होली से पहले पकड़ा गया लाखों का नकली मावा, छापेमारी टीम को देखते ही फरार हो गए बेचने वाले

Highlights मेरठ के लाला का बाजार में खाद्य विभाग की टीम ने मारा छापा बंद हो गई मावा विक्रेताओं की दुकानें, धड़ाधड़ गिर गए शटर खाद्य विभाग की टीम ने बरामद किय दस कुंतल नकली मावा

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मेरठ। होली का त्योहार नजदीक आते ही मिलावटखोरों ने भी अपनी सक्रियता तेज कर दी है। मंगलवार को फूड विभाग ने अभियान चलाया, जिसमें शहर के लाला का बाजार से 10 कुंतल मावा पकड़ा गया। खाद्य विभाग के अनुसार ये मावा देखने में ही अनहाइजैनिक प्रतीक हो रहा है। छापेमारी की सूचना मिलते ही मावा व्यापारियों ने अपनी-अपनी दुकान के शटर गिरा दिए। देखते ही देखते पूरा मावा बाजार की दुकानें धड़ाधड़ बंद हो गई। होली के मौके पर खाद्य सुरक्षा विभाग की नींद देर से खुली।

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मेरठ के मावा बाजार यानी लाला का बाजार से विभाग की टीम ने छापा मारकर दस कुंतल नकली मावा बरामद किया। वहीं दूसरे स्थान से नकली मावा को छोड़कर एक व्यक्ति मौके से भाग निकला। फूड विभाग की अर्चना धीमान ने बताया कि पकड़े गए मावे की कीमत करीब 4 लाख 72 हजार रुपये है। मुकदमा दर्ज कर यह पता लगाने का प्रयास शुरू कर दिया है कि ये लोग नकली मावा कहां सप्लाई करने वाले थे।

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अर्चना ने बताया कि विभाग को जानकारी मिली थी कि लाला का बाजार में बड़े पैमाने पर नकली मावा तैयार किया जा रहा है। इसी के मददेनजर गुप्त रूप से छापेमारी की गई। बताए गए पते पर 10 कुंतल नकली मावा बरामद हुआ। उन्होंने बताया कि मावा जहां से पकड़ा गया है, वहां छापे के बाद सभी लोग भाग गए। इसलिए अभी मालिक का नाम नहीं पता चल सका है। मावे को सेंपलिंग के लिए भेजा जा रहा है।

मेरठ में बनता है बडी मात्रा में नकली मावा

मेरठ में बड़े पैमाने पर होली और दीपावली के मौके पर नकली मावा तैयार किया जाता है। ये नकली मावा देहात और जंगलों में भट्टी बनाकर तैयार किया जाता है। प्रतिवर्ष जिले में लाखों कुंतल नकली मावा बरामद किया जाता है। इसके बाद भी नकली मावा के सौदागर खाद्य विभाग या पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पाते।