
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
मेरठ. सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर परिवहन विभाग ने सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (High Security Number Plate) और कलर कोडेड स्टीकर लगवाना अनिवार्य कर दिया है। जिले में 2019 से पूर्व खरीदे गए वाहनों को इसके लिए चिह्नित किया गया है। इनमें से अभी तक 50 प्रतिशत लोगों ने भी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नहीं लगवाई है। अब इनकी मुश्किलें बढ़ने जा रही हैं। 30 सितंबर 2021 के बाद परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस दिल्ली-एनसीआर में दर्ज वाहनों और अलीगढ़ समेत उत्तर प्रदेश के सभी व्यावसायिक वाहनों चालान काटना शुरू कर देंगे।
निजी वाहनों के संबंध में आदेश जारी हुआ है कि जिन वाहनों के नंबर के अंत में 0 या 1 हैं, उन्हें 15 सितंबर तक हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट एवं कलर कोडेड स्टीकर लगवा लें। 15 सितंबर के बाद इन वाहनों के भी चालान काटने शुरू कर दिए जाएंगे। मेरठ मंडल के आरटीओ प्रवर्तन ने बताया कि सरकार ने कोरोना संक्रमण के चलते वाहन चालकों की परेशानियों को देखते हुए अवधि बढ़ाने का कई बार निर्णय लिया है। अब तिथि निर्धारित कर दी गई है। वाहन रजिस्ट्रेशन के इकाई नंबर के अनुसार हाई सिक्योरिटी प्लेट लगाने की तारीखें तय की गई हैं। जिन वाहनों के नंबर के अंत में 0 या 1 हैं, उनके लिए 15 सितंबर तक हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट एवं कलर कोडेड स्टीकर लगवाना अनिवार्य किया गया है।
वहीं, जिन निजी वाहनों के पंजीकरण नंबर के अंत में 2 और 3 हैं, उन पर 15 फरवरी 2022 तक। जिन नंबर का इकाई नंबर 4 या 5 है, उन पर 15 मई 2022 तक। वाहनों के नंबर के अंत में 6 या 7 हैं, उन्हें 15 अगस्त 2022 तक और जिनके वाहनों के पंजीकरण की इकाई का नंबर 8 या 9 है, उन्हें 15 नवंबर 2022 तक हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट एवं कलर कोडेड स्टीकर लगवाना अनिवार्य होगा। निर्धारित तारीखों में हाई सिक्योरिटी प्लेट न लगवाने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
Published on:
23 Jul 2021 10:19 am
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