
मेरठ। अगर आरटीओ आफिस (RTO) के चक्कर काटने की परेशानी के कारण लर्निग लाइसेंस (Learning License) नहीं बनवा रहे हैं तो अब बेफ्रिक हो जाइए। कारण, अब घर बैठे लर्निग लाइसेंस बनवा सकेंगे। इसके लिए आरटीओ कार्यालय (RTO) और दलालों के चंगुल से छुटकारा मिलेगा। अब अपना लर्निग लाइसेंस घर बैठे ही प्राप्त कर सकेंगे। जुलाई के अंतिम सप्ताह में परिवहन विभाग इस व्यवस्था केा लागू कर देगा। आवेदन के बाद जो परीक्षा आरटीओ कार्यालय में देने जाना पड़ता था वह अब आनलाइन की जा रही है। जिसके तहत घर बैठे ही आनलाइन परीक्षा दी जा सकेगी। यातायात संबंधित नियमों वाली इस परीक्षा को पास करने पर आवेदक खुद प्रशिक्षणार्थी लाइसेंस का प्रिंट निकाल सकेंगे।
बता दें कि केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने लर्निंग लाइसेंस प्रक्रिया को घर बैठे ही पूरी कराने के निर्देश दिए थे। लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते यह योजना परवान नहीं चढ़ पाई थी। अब योजना तेजी से आगे बढ़ रही है। जुलाई तक इस योजना को हर हाल में शुरू कर दिया जाएगा। इस योजना से एक ओर जहां समय की बचत होगी वहीं दलालों और आरटीओ आफिस के बाबुओं की बाबूगिरी का शिकार होने से भी लोग बचेंगे।
इस संबंध में एआरटीओ श्वेता वर्मा ने बताया कि इसके लिए सारथी पोर्टल को अपग्रेड कर उसमें आवश्यक बदलाव किया जा रहा है। इस पर तेजी से काम चल रहा है। आवेदकों को अभी टाइम स्लॉट के लिए आरटीओ जाना पड़ता है। प्रपत्रों की जांच करवाने के बाद, फोटो खिंचवा ऑनलाइन टेस्ट दिए जाने की प्रक्रिया है। अगर आवेदक फेल हो गया तो वह जुगाड़ ढूंढता है या फिर दलाल का सहारा लेता है। लागू की जाने वाली नई व्यवस्था में आवेदकों के प्रपत्रों की जांच और परीक्षा ऑनलाइन होगी उसके बाद वह लर्निंग लाइसेंस का प्रिंट निकाल सकेगा।
वहीं आरटीओ डा विजय कुमार ने बताया कि आम लोगों का कम से कम समय बर्बाद हो। इसे लेकर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। लर्निंग लाइसेंस घर बैठे बनाए जाने की प्रक्रिया पर काम शुरू हो रहा है। पोर्टल अपग्रेड करने के लिए एनआईसी को पत्र भेजा जा चुका है। जैसे ही पोर्टल अपग्रेड होगा उसका ट्रायल लिया जाएगा। इसके बाद यह योजना लागू कर दी जाएगी। जुलाई तक योजना पूरी तरह से लागू की जा सकेगी।
Published on:
09 Jun 2021 11:26 am
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