
यूपी राजनीतिक दल
मिर्जापुर. लोकसभा चुनाव से पहले अपना दल के नाम को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। प्रदेश में कृष्णा पटेल गुट काग्रेस के साथ गठबंधन किया है तो वही अनुप्रिया पटेल व आशीष पटेल ने भाजपा से गठबंधन कर चुनावी मैदान में है। मगर कांग्रेस से समझौते के बाद इस बार कृष्णा पटेल गुट को बड़ा झटका लगा है। कृष्णा पटेल गुट की शिकायत निर्वाचन आयोग से की गयीं है। पत्र के माध्यम से दर्ज शिकायत में कहा गया कि निर्वाचन आयोग की रोक के बावजूद कृष्णा पटेल अपना दल के झंडे और बैनर का इस्तेमाल कर रही है, जो गलत इस पर तत्काल रोक लगाई जाये। पार्टी का खाता सीज होने के बाद भी किये जा रहे रैली और सभा में खर्च धन की जांच किसी एजेंसी से करवाई जाये।
अपना दल के राष्ट्रीय महासचिव अनुज पटेल की तरफ से निर्वाचन आयोग को 30.3.2019 को भेजे गए शिकायत पत्र में कहा गया है कि 4 फरवरी 2015 को कृष्णा पटेल के स्थान पर अनुप्रिया पटेल को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने के बाद कृष्णा पटेल ने निर्वाचन आयोग में शिकायत दर्ज करवाया, जिस पर निर्वाचन आयोग ने किसी भी गुट को अधिकृत मान्यता देने से इनकार कर दिया। मामले को सिविल न्यायलय में हल कराने का निर्देश दिया। 11 अगस्त 2015 को पंजाब नेशनल बैंक में मौजूद पार्टी का खाता भी सीज कर दिया है जो पिछले तीन सालों से फ्रिज है।
निर्वाचन आयोग की तरफ से 9 जून को दिए निर्णय पर कृष्णा पटेल गुट ने हाइकोर्ट लखनऊ बेंच इस मामले में अपील दाखिल किया। जिस पर कोर्ट ने निर्वाचन आयोग को निर्णय पर दुबारा विचार करने को कहाकोर्ट के आदेश के बाद 17 जनवरी 2017 को निर्वाचन आयोग ने दुबारा विवाद का हल होने तक किसी भी गुट को मान्यता देने से इनकार कर दिया। और इसके अलावा चुनाव में इस्तेमाल होने वाले फार्म A और फार्म B दोनो गुटों को जारी करने पर प्रतिबंध लगा दिया था। लिहाजा विधानसभा चुनाव 2017 में रोहनिया से चुनाव लड़ रही कृष्णा पटेल को जिला प्रशासन की तरफ से जारी फार्म A और B को आयोग में शिकायत के बाद उसे निरस्त कर दिया गया। यह चुनाव कृष्णा पटेल को निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में लड़ना पड़ा। इसके अलावा अपना दल के अधिकृत चुनाव निशान कप प्लेट को भी निर्वाचन आयोग ने 2017 अनुप्रिया पटेल की नव गठित पार्टी अपना दल (एस) को आवंटित गया। 2019 के लोकसभा चुनाव में भी निर्वाचन आयोग ने अपना दल एस के नाम आवंटित कर दिया है। लिहाजा अनुज पटेल ने निर्वाचन आयोग में शिकायत दर्ज करवाते हुए मांग किया है कि चुनाव आचार संहिता में कृष्णा पटेल द्वारा प्रचार सामग्री के रूप में अपना दल के नाम और झंडा बैनर का प्रयोग किया जा रहा है जो गलत है, इससे भ्रम की स्थिति बन गयी है। इसलिए इस पर तत्काल प्रतिबंधित किया जाये और पार्टी के रैलियों सभा में होने वाले खर्च धनराशि की जांच सक्षम एजेंसी से जांच किया जाये।
BY- SURESH SINGH
Published on:
01 Apr 2019 04:21 pm
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