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सबरीमला विवाद: बीजेपी ने राज्य सरकार को बताया नास्तिक, 30 को होगा जबरदस्त आंदोलन

इसके अलावा 8 नवंबर से कासरगोड से सबरीमला तक 6 दिवसीय रथयात्रा निकाली जाएगी।
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नई दिल्ली

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Kapil Tiwari

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Updated: 28 Oct 2018, 3:55 PM IST

Kerala BJP

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तिरुवनंतपुरम। केरल में सबरीमला विवाद को लेकर बीजेपी और राज्य सरकार के बीच ठन चुकी है। जहां एक तरफ बीजेपी मंदिर में महिलाओं के प्रवेश के विरोध में है तो वहीं राज्य सरकार लगातार महिलाओं को मंदिर में प्रवेश कराने की कोशिश में जुटी हुई है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद भी अभी तक मंदिर में कोई भी महिल प्रवेश नहीं कर पाई है। इस बीच इस मुद्दे पर खूब सियासी घमासान भी मचा हुआ है। सबरीमला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश करने को लेकर सियासी बयानबाजियां लगातार जारी हैं।

30 नवंबर को राज्य में आंदोलन करेगी बीजेपी

इस बीच रविवार को बीजेपी ने ऐलान किया है कि वह सबरीमला के श्रद्धालुओं को समर्थन देते हुए अपना आंदोलन जारी रखेगी। केरल बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पीएस श्रीधरन पिल्लई ने राज्य सरकार को नास्तिक बताते हुए उस पर सबरीमला को बर्बाद करने का आरोप लगाया है। रविवार को पिल्लई ने ये ऐलान किया है कि उनकी पार्टी राज्य में 30 नवंबर को श्रद्धालुओं के समर्थन में और राज्य सरकार के खिलाफ विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन करेगी।

8 नवंबर से निकाली जाएगी 6 दिवसीय रथयात्रा

पीएस श्रीधरन पिल्लई ने कहा कि राज्य सरकार के आदेश पर अभी तक 4000 से अधिक निर्दोष लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इसी के खिलाफ हम 30 नवंबर को त्रिवेंद्रम में डीजीपी ऑफिस के सामने एक दिन का उपवास रखेंगे। इसके अलावा केरल के अन्य जिलों में एसपी ऑफिस तक मार्च किया जाएगा। इसके अलावा 8 नवंबर से कासरगोड से सबरीमाला तक 6 दिवसीय रथयात्रा निकाली जाएगी।

अमित शाह भी कोर्ट के फैसले पर उठा चुके हैं सवाल

पीएस श्रीधरन पिल्लई ने कहा कि राज्य में शासन करने वाले पार्टी के सारे नेता नास्तिक हैं और उन्होंने सबरीमला को बर्बाद करने का फैसला कर लिया है। आपको बता दें कि सबरीमला विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ बीजेपी राज्य में विरोध प्रदर्शन कर रही है। शनिवार को तो अमित शाह ने भी कोर्ट के फैसले पर सवाल उठाए। शाह ने कहा था कि सरकार और कोर्ट को ऐसे फैसले नहीं सुनाने चाहिए, जिनका पालन न करवाया जा सके और जो आस्था से जुड़े हों।