
नई दिल्ली। अपने नए-नए कारनामों से हाल के दिनों में चर्चा में रहे सीबीएसई ने 10 वीं क्लास के इंग्लिश के पेपर में हर स्टूडेंट को 2 नंबर अतिरिक्त देने का फैसला किया है। सीबीएसई ने ये फैसला उन शिकायतों के बाद लिया है जिसमें क्वेश्चन पेपर में हुई गलतियों पर सवाल उठाए गए थे। 12 मार्च को हुए 10 वीं के अंग्रेजी के पेपर में गलती के बाद कई शिक्षकों तथा छात्रों ने बोर्ड को शिकायतें भेजी थीं। शिक्षकों व विद्यार्थियों ने इसके लिए ऑनलाइन याचिका भी दायर की थी। सीबीएसई ने अपने वक्तव्य में कहा है कि यह टाइपिंग की गलती थी। सीबीएसई ने अब टाइपिंग की गलतियों का संज्ञान लिया है और छात्रों के हित में उन्हें दो अंक देने का फैसला लिया है। ये अतिरिक्त अंक उन्हीं छात्रों को दिए जाएंगे, जिन्होंने ये प्रश्न हल किये थे। सीबीएसई के इस फैसले से लाखों छात्र लाभान्वित होंगे।
यह था पूरा मामला
शिक्षकों और परीक्षार्थियों का कहना है कि 12 मार्च को हुए अंग्रेजी के पेपर में कॉम्प्रिहेंशन पैसेज का प्रश्न सही नहीं था। बताया जा रहा है कि10वीं अंग्रेजी के पेपर में सेक्शन रीडिंग वाले पैसेज में विद्यार्थियों को एक पैराग्राफ में कुछ शब्दों के सिनोनिम्स बताने थे। लेकिन उनके उत्तर कुछ भिन्न दिए गए थे। आरोप है कि कुछ टाइपिंग की गलतियों के कारण छात्र सही उत्तर नहीं पकड़ सके। सीबीएसई के एक अधिकारी ने कहा कि, ''टाइपिंग की गलती हमारे सामने आई है और हम किसी तरह भी स्टूडेंट्स का कोई नुकसान नहीं होने देंगे। मार्किंग स्कीम को स्टूडेंट्स के लिए बनाया गया है और जिन भी स्टूडेंट्स ने गलती वाले क्वेश्चन का जवाब दिया है उन्हें 2 मार्क्स दिए जाएंगे।''
बता दें कि सीबीएसई 10वीं के गणित के पेपर और 12वीं के इकोनॉमिक्स के पेपर लीक होने की वजह से हाल में चर्चा में था। सीबीएसई ने 12वीं का इकोनॉमिक्स का एग्जाम दोबारा लेने का फैसला किया था। हालांकि 10वीं के गणित का पेपर व्यापक पैमाने पर लीक होने के कोई सबूत नहीं मिले।
Published on:
20 Apr 2018 09:22 am
