18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सरकार दे रही गाय के गोबर से मोटी कमाई का मौका, जानिए क्या है स्कीम

सरकार दे रही गोबर से पेंट बनाने की ट्रेनिंग गांव में लगा सकते हैं पेंट बनाने फैक्ट्री सिर्फ एक मवेशी से कर सकते हैं 30 हजार रुपए की कमाई

3 min read
Google source verification

image

Vivhav Shukla

Feb 14, 2021

Government is training to make paint from cow dung

Government is training to make paint from cow dung

नई दिल्ली। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय देश के हर गांव में गोबर से पेंट बनाने की फैक्ट्री खुलवाने की तैयारी कर रही है। एमएसएमई मंत्री नितिन गडकरी इसके लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। दरअसल, नितिन गडकरी ने बीते 12 जनवरी, 2021 को खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग की तरफ से तैयार गोबर से बना प्राकृतिक पेंट लॉन्च किया था।अब वे देश के हर एक गांव में इस इकोफ्रेंडली पेंट की फैक्ट्री खोलना चाह रहे हैं।

फैक्ट्री खोलने में 15 लाख रुपए का खर्च

जानकारी के मुताबिक, गोबर से पेंट बनाने वाली एक फैक्ट्री खोलने में लगभग 15 लाख रुपए का खर्च आ रहा है। यह पेंट पूरी तरह से इकोफ्रेंडली है। इसके साथ ही यह देश का ऐसा पहला ऐसा पेंट है, जो विष-रहित होने के साथ फफूंद-रोधी, जीवाणु-रोधी गुणों वाला है।

Video: एके एंटनी का केंद्र सरकार पर हमला, कहा- ‘सेना का मनोबल गिराने में लगी मोदी सरकार’

भारतीय मानक ब्यूरो के अनुसार, ये पेंट गाय के गोबर से जरूर बनता है लेकिन ये पूरी तरह से गंधहीन है। फिलहाल यह पेंट दो रूपों में उपलब्ध है – डिस्टेंपर और प्लास्टिक इम्यूलेशन पेंट के रूप में मार्केट में आया है। अब इस पेंट के लिए सरकार हर गांव में एक छोटी फैक्ट्री खोलने की योजना बना रही है।

नहीं हो पा रही सबकी ट्रेनिंग

केंद्रीय मंत्री गडकरी के मुताबिक, अगर वो सब हो जाता है जो उन्होंने सोचा है तो हर गांव में रोजगार के अवसर उपलब्ध होने से शहरों की तरफ पलायन की समस्या खत्म हो जाएगी। उन्होंने बताया, ‘गोबर से बना प्राकृतिक पेंट लॉन्च होने के बाद से ही इसकी मांग काफी तेजी से बढ़ी है। फ्लहाल केवल जयपुर में ट्रेनिंग की व्यवस्था है। लेकिन मंत्रालय के पास इतने आवेदन आए कि सबकी ट्रेनिंग नहीं हो पा रही है। 350 लोग वेटिंग लिस्ट मे हैं।

उन्होंने कहा- गोबर से पेंट बनाने के लिए पांच से सात दिनों की ट्रेनिंग होती है। ऐसे में हम ट्रेनिंग सुविधा बढ़ाने पर ध्यान दे रहे हैं।ट्रेनिंग ज्यादा लोगों को मिलेग तो काम भी तेजी से हो सकेगा।ट्रेनिंग लेकर लोग गोबर से पेंट बनाने की फैक्ट्री का चला सकते हैं। हर गांव में एक फैक्ट्री खुलने से ज्यादा रोजगार पैदा होगा।’

PM मोदी ने सेना को सौंपा ‘हंटर किलर’ अर्जुन टैंक, खूबियां जान कांप उठेंगे पाकिस्तान-चीन

सिर्फ एक मवेशी के गोबर से 30 हजार रुपए की कमाई

बता दें मार्च 2020 से गोबर से पेंट बनाने के लिए खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग को प्रेरित किया था। जिसके बाद खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग की जयपुर में स्थित यूनिट कुमारप्पा नेशनल हैंडमेड पेपर इंस्टीट्यूट ने इसके लिए एक फैक्ट्री भी बनाई। जहां लोगों को गोबर से पेंट बनाने की कला को सिखाया जाता है। ग्रामोद्योग आयोग के एक अधिकारी के मुताबिक, सिर्फ एक मवेशी के गोबर से किसान हर साल 30 हजार रुपए की कमाई कर सकता है।