
विश्व की सबसे सशक्त सेनाओं में एक भारतीय सेना कई मायनों में दूसरे देशों की सेनाओं से अलग है। चाहे वो देश की रक्षा का कार्य हो या फिर प्राकृतिक आपदा यथा भूकंप, हिमस्खलन आदि आपातकालीन समय में देशवासियों की सहायता करना हो।
वर्ष 2020 रहा भारतीय सेना के लिए चुनौतियों भरा
वर्ष 2020 भारत और भारतीय सेना के लिए चुनौतियों से भरा रहा। जहां एक तरफ कोविड-19 के कारण उपजे हालात थे तो वहीं दूसरी ओर सेना को पूर्वी और पश्चिमी सीमा पर चीन और पाकिस्तान की नापाक हरकतों का भी सामना करना पड़ा। पूर्वी-पश्चिमी सीमा पर पाकिस्तान द्वारा भेजे गए जाने कितने ही आतंकियों को इस वर्ष सेना ने मार गिराया, उसी समय में पूर्वी सीमा पर चीन के बढ़ते कदमों को भी रोकने का काम सेना ने किया।
इस वर्ष चीन ने कई बार कई जगहों पर लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) को पार कर भारतीय सीमा में आने की नापाक हरकत की। पड़ौसी देश की इस हरकत का दृढ़ता के साथ जवाब देते हुए भारतीय सेना ने न केवल उन्हें वापिस उनकी सीमा में धकेला वरन वायुसेना के साथ मिलकर अपनी स्थिति पहले से मजबूत की। सेना ने अपनी इस कार्यवाही में गलवान घाटी में 20 बहादुर जवानों को भी खो दिया।
कोरोना से उपजे हालातों का फायदा उठाने के लिए पाकिस्तान ने पूरे वर्ष में बहुत बार घुसपैठ तथा गोलीबारी की घटनाओं को अंजाम दिया। इन सभी से जूझते हुए भारतीय सेना ने पाक सेना को ईंट का जवाब पत्थर से देते हुए अपने साहत और सैन्यशक्ति का परिचय दिया। वायु सेना के साथ मिलकर हिमालय और लद्दाख के दुर्गम इलाकों में भी भारतीय सेना ने अपनी चौकियां स्थापित की ताकि देश की आन को कोई दुश्मन आंच न पहुंचा सके।
लॉकडाउन में की मित्र देशों की मदद
इसी तरह भारतीय सेना ने कोविड से उपजे हालातों में देश में लॉकडाउन जैसी अभूतपूर्व स्थिति में देशवासियों की सहायता की। भारत ही नहीं वरन भारत से बाहर के कई मित्र देशों में जाकर भी भारतीय सेना ने कोरोना से लड़ रहे लोगों की सहायता का।
भारतीय सेना में हुए कई बड़े बदलाव
2020 में ही भारतीय सेना में कई बड़े और महत्वपूर्ण बदलाव भी किए गए। थल सेना, जल सेना और वायु सेना की एकीकृत कमान बनाने का कार्य भी इसी वर्ष आरंभ किया गया जिसे 2021 तक पूर्ण कर लिया जाएगा। इसके साथ ही सेना के तीनों अंग अपने आपको किसी भी शॉर्ट नोटिस पर युद्ध करने के लिए तैयार कर रहे हैं। भविष्य में लड़े जाने वाले युद्धों की तैयारी के लिए भी भारतीय सेना अपनी कमर कस रही है।
सेना को मिला आधुनिक टेक्नोलॉजी का साथ
सैन्य शक्ति के मामले में 'आत्मनिर्भर भारत' बनाने की पीएम मोदी की पहल को भी सेना का समर्थन मिला है। भारतीय सैन्य क्षेत्र में कई निजी उद्यमों की भागीदारी में हथियार बनाने के कारखाने खोले जा रहे हैं। सेना को आधुनिकतम हथियारों की ट्रेनिंग दी जा रही है। इनके अलावा भारतीय सैन्य विशेषज्ञों को आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, ब्लॉकचेन और 5G जैसी तकनीकों से परिचित करवाया जा रहा है ताकि आने वाले समय में वे टेक्नोलॉजी का प्रयोग करते हुए देश की रक्षा कर सके। इन सभी कोशिशों के चलते भारतीय सेना आज दुनिया की सबसे मजबूत और सक्षम सेना मानी जाती है जो कही भी, किसी भी परिस्थिति का सामना कर सकती है, जिसके हाथों में देश सुरक्षित है।
Published on:
15 Jan 2021 12:08 pm
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