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हिंदी अकादमी के नए उपाध्‍यक्ष सुरेंद्र शर्मा के बारे में जानें चंद बातें

कवि विष्‍णु खरे के असमय निधन के बाद से खाली पडा था हिंदी अकादमी के उपाध्‍यक्ष पद।
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हिंदी अकादमी के नए उपाध्‍यक्ष सुरेंद्र शर्मा के बारे में जानें चंद बातें

हिंदी अकादमी के नए उपाध्‍यक्ष सुरेंद्र शर्मा के बारे में जानें चंद बातें

नई दिल्‍ली : पिछले महीने हिंदी के मशहूर साहित्‍यकार और कवि विष्‍णु खरे का निधन हो गया था, उस वक्‍त वह हिंदी अकादमी के उपाध्‍यक्ष पद पर सुशोभित थे। इसके बाद से यह पद खाली पड़ा था। उन्‍होंने इसी साल यह पद संभाला था। उनसे पहले लेखिका मैत्रेयी पुष्पा तीन साल तक इस संस्था की उपाध्‍यक्ष थीं। अब इस पद पर हास्‍य लोकप्रिय हास्‍य कवि सुरेंद्र शर्मा को मनोनीत किया गया है। इसकी जानकारी मंगलवार को दिल्‍ली के उपमुख्‍यमंत्री मनीष सिसोदिया ने दी। बता दें कि हिंदी अकादमी के अध्‍यक्ष दिल्‍ली के मुख्‍यमंत्री होते हैं।

कौन हैं सुरेंद्र शर्मा
सुरेंद्र शर्मा भारत के लोकप्रिय हास्‍य कवि हैं। उनका जन्‍म 29 जुलाई 1945 को हरियाणा के नांगल गांव में हुआ। वह वाणिज्‍य से स्‍नातक हैं। उन्‍हें पद्मश्री भी मिल चुका है। उनकी कविताओं का लहजा हरियाणवी और राजस्‍थानी मिश्रित होता हैं। खास बात यह है कि वह इतनी गंभीरता से कविता सुनाते हैं कि लोगों को उनको देख कर ही हंसी छूट जाती है। उनकी अधिकतर कविताएं घराणी (पत्‍नी) पर केंद्रित होती है और जैसे ही वह कहते हैं- चार लाइना सुना रिया हूं- लोगों के चेहरे पर मुस्‍कान खेलने लगती है। उनके अब तक कई व्‍यंग्‍य संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं। इनकी लोकप्रियता इतनी है कि साहित्‍य में हल्‍की रुचि रखने वाला व्‍यक्ति भी इन्‍हें पहचानता है।