11 अगस्त 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

निर्भया केसः सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की मुकेश की अर्जी, अब फांसी तय, मां बोली- कानून पर भरोसा

Nirbhaya Case सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की मुकेश की याचिका राष्ट्रपति से दया याचिका खारिज होने को दी थी चुनौती अब मुकेश के पास खत्म हुआ बचाव के सारे विकल्प
2 min read
Google source verification
mukesh singh

निर्भया गैंगरेप का दोषी मुकेश

नई दिल्ली। निर्भया मामले ( Nirbhaya Case ) में एक और नया मोड़ सामने आ गया है। सुप्रीम कोर्ट ( Supreme Court )में दोषी मुकेश की अर्जी खारिज हो गई है। राष्ट्रपति ( President ) से दया याचिका ( Mercy petition ) खारिज होने के बाद मुकेश ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। मुकेश की मांग थी कि उसकी फांसी को रद्द कर उसे उम्र कैद की सजा दी जाए।

इस पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को बड़ा फैसला दिया है। सुप्रीम कोर्ट मुकेश की इस याचिका को खारिज कर दिया है। अब मुकेश के पास बचाव के सारे विकल्प खत्म हो गए हैं। इसका साफ मतलब है कि अब मुकेश के फांसी होना तय है।

निर्भया के दोषी मुकेश का बड़ा खुलासा, भाई की जेल में की थी हत्या

आपको बता दें कि इससे पहले मुकेश के वकील ने मंगलवार को कई चौंकाने वाले खुलासे किए। वकील ने बताया कि मुकेश के साथ तिहाड़ में यौन उत्पीड़न हुआ है। यही नहीं एक और चौंकाने वाला बयान दिया है।
मुकेश कुमार सिंह ने कहा है कि उसके भाई राम सिंह ने जेल में आत्महत्या नहीं की बल्कि उसकी हत्या की गई थी।
आपको बता दें कि निर्भया के 6 दोषियों में से एक राम सिंह ने 11 मार्च 2013 को ही जेल में कथित रूप से आत्महत्या कर ली थी। राम सिंह निर्भया मामले में मुख्य आरोपी होने के साथ ही निर्भया के दोस्त को लोहे की रॉड से पीटने वाले मामले में भी शामिल था।

निर्भया के दोषी के साथ तिहाड़ जेल में हुआ यौन उत्पीड़न, वकील का चौंकाने वाला खुलासा

मंगलवार को मुकेश की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में चल रही सुनवाई के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। सुनवाई में मुकेश की वकील अंजना प्रकाश ने दावा किया कि इस मामले में एक आरोपी की जेल में हत्या कर दी गई थी।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले बोलीं-निर्भया की मां

निर्भया की मां ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया और कहा कानून पर देश का भरोसा कायम है। हमें उम्मीद है कि 1 फरवरी को दोषी को फांसी जरूर दी जाएगी।

आपको बता दें कि गुरुवार को जल्लाद पवन तिहाड़ जेल पहुंचने वाला है। इसके बाद दोषियों को फांसी पर लटकाने की प्रक्रियाएं शुरू कर दी जाएंगी।

7 साल से बात छिपी रही
कोर्ट में मुकेश की याचिका पढ़ते हुए प्रकाश ने बताया, 'मुकेश की दलील है कि आरोपियों में से एक की आत्महत्या वास्तव में एक हत्या थी लेकिन 'वर्षों तक यह बात छिपी रही।'

आपको बता दें कि 32 वर्षीय राम सिंह पेशे से ड्राइवर था। निर्भया गैंगरेप केस में निर्भया जिस बस में चढ़ी थी उस बस को राम सिंह ही चला रहा था।

घटना के कुछ समय बाद ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन इससे पहले की मामले में सजा सुनाई जाती राम सिंह ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली थी।

बड़ी खबरें

View All

विविध भारत

ट्रेंडिंग