4 नवंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

दिल्ली-NCR में स्मॉग के कहर को देखते है रविवार तक सभी स्कूल रहेंगे बंद, सरकार का आदेश

ईपीसीए ने अनुमान जताया है कि-दो-तीन दिनों तक ऐसी स्थिति बनी रह सकती है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

नई दिल्ली

•

image

Prashant Kumar Jha

•

Updated: 8 Nov 2017, 4:04 PM IST

Fog in delhi

नई दिल्ली. दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार की अपेक्षा बुधवार की सुबह और भी ज्यादा खतरनाक रही। धुंध और पॉल्यूशन ने लोगों को खासा परेशान किया। आज दिल्ली और आसपास के इलाकों में हालात बुरे थे।। धुंध, धुंआ और स्मॉग की वजह विजबिलिटी बहुत ही कम थी। इस बीच दिल्ली के शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने ऐलान किया है कि हालात को देखते हुए सभी स्कूलों को रविवार तक बंद रखा जाएगा। अब सोमवार को स्कूल खुलेंगे।

आज भी बंद थे स्कूल

मौसम विभाग ने भी 4-5 दिनों तक घने कोहरे और प्रदूषण के होने की बात कही थी। दिल्ली में आज सुबह 4 बजे के करीब प्रदूषण का स्तर बेहद ही खतरनाक था। लोधी रोड पर सुबह के वक्त पीएम 2.5 और 10 का स्तर 500 तक जा पहुंचा था। इससे पहले मंगलाव को ही सरकार ने पांचवी तक के सभी स्कूलों को बंद कर दिया था।

स्मॉग की वजह से 25 से ज्यादा ट्रेनें भी लेट चल रही हैं। जहरीले स्मॉग से जनजीवन अस्त व्यवस्त है। केजरीवाल सरकार ने 5वीं तक के स्कूलों को बुधवार को बंद रखने का आदेश दिया है। दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने बताया कि अगर जरूरी हुआ तो स्कूलों को बुधवार के बाद भी बंद किया जाएगा। स्कूलों में असेंबली समेत आउटडोर एक्टिविटिज को अस्थाई तौर पर बंद करने को कहा है।

हाईकोर्ट ने मांगा जवाब
दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा है कि खेतों में पराली जलाने से ज्यादा कंस्ट्रक्शन साइट से पॉल्यूशन बढ़ रहा है। हालांकि कोर्ट ने माना कि नवंबर और दिसंबर के महीने में पराली जलाने से प्रदूषण ज्यादा बढ़ता है। हाई कोर्ट ने केंद्र सरकार की रिपोर्ट पर असंतोष जताया है। कोर्ट ने 20 नवंबर से पहले केंद्र व दूसरी सिविक एजेंसियों से अपने संबंधित आदेशों के अनुपालन के संबंध में रिपोर्ट तलब किया है।

एनजीटी सख्त
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने कहा है कि दिल्ली में इमरजेंसी जैसी स्थिति है। एनजीटी ने यूपी, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली सरकार को निर्देश दिया है कि वे 9 नवंबर तक वायु प्रदूषण को रोकने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दें। साथ ही, प्लास्टिक के थैलों के इस्तेमाल पर सख्ती से रोक लगाने को कहा।

एक्शन प्लान का किया गया ऐलान
इन्वाइरनमेंट पॉल्यूशन (प्रिवेंशन ऐंड कंट्रोल) अथॉरिटी (ईपीसीए) ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान के तहत कई कदमों का ऐलान किया।
मेट्रो किराया घटाने, कोच बढ़ाने और फेरी बढ़ाने के निर्देश
पड़ोसी राज्यों को पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम को मजबूत करने का निर्देश
निजी वाहनों का इस्तेमाल घटाने को पार्किंग शुल्क 4 गुना बढ़ाएं।
प्रदूषण बढ़ाने वाली रोड कंस्ट्रक्शन एजेंसियों पर 50,000 रुपए जुर्माना।
स्थिति और बिगडऩे पर ऑड-ईवन और निर्माण गतिविधियों पर बैन।


बांटे गैस मास्क
बढ़ते पॉल्यूशन को देखते हुए सीआईएसएफ को 8,000, एयरपोर्ट पर 5,000 मास्क बांटे गए।


दो-दिनों तक संकट
ईपीसीए ने अनुमान जताया है कि-दो-तीन दिनों तक ऐसी स्थिति बनी रह सकती है।