मृतक बच्ची की 36 वर्षीय मां को डर था कि वह कोरोना संक्रमण से मर जाएगी और उसकी बेटी उसके बिना रह नहीं पाएगी।
नई दिल्ली। कोरोना वायरस के चलते पूरी दुनिया एक अनजाने से खौफ में जी रही है। कोविड-19 से उपजे हालातों ने न केवल गंभीर रूप से बीमार मरीजों के स्वास्थ्य के लिए खतरा पैदा किया है वरन लोगों को मानसिक स्ट्रेस और डिप्रेशन का शिकार भी बना रहे हैं। ऐसी ही एक घटना में ब्रिटेन की राजधानी लंदन में एक मां ने अपनी ही पांच वर्षीय बेटी की चाकू से गोदकर हत्या कर दी। मृतक बच्ची की 36 वर्षीय मां को डर था कि वह कोरोना संक्रमण से मर जाएगी और उसकी बेटी उसके बिना रह नहीं पाएगी।
ब्रिटिश मीडिया की रिपोर्ट्स के अनुसार भारतवंशी सुथा शिवनाथम अपने पति और बच्ची के साथ दक्षिण लंदन के एक फ्लैट में रहती थी। उसे इस बात का भय था कि वह कोरोना वायरस से संक्रमित होने के बाद मर जाएगी और उसकी मृत्यु के बाद उसकी बेटी अकेले नहीं रह पाएगी। इसी डिप्रेशन के चलते उसने अपने बेटी सयागी शिवनाथम की हत्या कर दी। उसने अपनी बेटी पर 15 बार चाकू से हमला कर उसे मार दिया और फिर खुद को भी चाकू से वार कर घायल कर लिया। पड़ौसियों ने दोनों को हॉस्पीटल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया।
फिलहाल बच्ची की मां सुथा शिवनाथम पर केस चल रहा है। कोर्ट में सुनवाई के दौरान सुथा के पति सुगंधन शिवनाथम ने कहा कि कोरोना महामारी और प्रतिबंधों के चलते उसकी पत्नी की मानसिक हालत खराब हो गई। वह कोरोना से हद से ज्यादा डरने लगी थी। सुगंधन ने कहा कि घटना के बाद से उसने अपनी पत्नी से बात नहीं की है। सुंगधन ने कहा कि यदि पत्नी ठीक होती वह कभी बेटी को नहीं मारती। कोर्ट में रखे गए डॉक्यूमेंट्स के अनुसार सुथा और सुंगथन की वर्ष 2006 में अरेंज मैरिज हुई थी। शादी के बाद से ही वे दोनों लंदन में रह रहे हैं।
बच्ची की मां का इलाज करने वाले मनोचिकित्सक ने बताया कि कोविड-19 महामारी और लॉकडाउन के कारण सुथा के दिमाग पर गहरा असर हुआ था और सोशल आइसोलेशन के कारण वह गंभीर रूप से मानसिक बीमार हो गई।