21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सर्दी का सितम, बर्फ के झरने में तब्दील हुआ विश्व का सबसे ऊंचा वॉटरफॉल

इस सर्द में तो कुछ ऐसी चीजें भी देखने को मिल रही है जिन्हें हम पहले शायद कभी उस रूप में देखें हो।

2 min read
Google source verification

image

Ravi Gupta

Dec 31, 2017

Ice coated

नई दिल्ली। दुनियाभर में नए साल की तैयारियां जोरो-शोरों से चल रही है। नए साल क े स्वागत की तैयारी सभी कर रहे है लेकिन बढ़ते ठंड के चलते सभी कपकपा रहे हैं। भारत सहित कई देशों में सर्दियों के इस मौसम में कड़ाके की ठंड पड़ी है। चारों ओर ओस का बादल छाया हुआ है। लेकिन इस सर्द में तो कुछ ऐसी चीजें भी देखने को मिल रही है जिन्हें हम पहले शायद कभी उस रूप में देखें हो। अब आप दुनिया के सबसे ऊंचे वाटरफॉल को ही ले लीजिए।

जी हां हम यहां बात कर रहे है नायाग्रा वाटरफॉल के बारे में। जो कि ठंड के चलते पूरा का पूरा जम गया है। नायाग्रा वाटरफॉल अमेरिका और कनाडा के इंटरनेशनल बॉर्डर पर बहता है। ये वाटरफॉल 167 फीट की ऊंचाई से बहता है और इसलिए इसे दुनिया का सबसे ऊंचा वाटरफाल माना जाता है। इसका कारण नॉर्थ अमेरिका में आर्कटिक ब्लॉस्ट है जिसके चलते अमेरिका के फिलाडेलफिया से लेकर न्यूयॉर्क सिटी,बोस्टन और पोलैंड में चारों तरफ बर्फ की चादर बिछी हुई है। इस ब्लॉस्ट की वजह से इन सारी जगहों पर तेज बर्फीली हवाएं चल रही हैं।

अभी पिछलें कई दिनों से यूनाईटेड स्टेट्स के कई हिस्सों में तापमाप का पारा तेजी से गिरता जा रहा है। इनमें से कुछ जगहों पर जैसे कि पेंसिलवेनिया में इतनी तेज बर्फबारी हो रही है कि इन जगहों पर एमरजेंसी लगा दी गई है। बर्फीली हवाएं इतनी तेज गति से चल रही है कि कई जगहों मे सड़को को ब्लॉक कर दिया गया है और लोगों को सावधानी बरतने की चेतावनी दी जा रही है।

बर्फबारी की वजह से कई जगहों में झीलों में रखे बोट्स भी जम गए हैं। बात अगर तापमान का किया जाएं तो इस समय नॉर्थ अमेरिका का तापमान -34 डिग्री सेल्सियस पर जा पहुंचा है। खैर सर्द का आलम जो भी हो लेकिन त्यौहार के मौके पर टूरिस्ट का इन जगहों पर आना कम नहीं हुआ है और हर साल की तरह इस साल भी हजारों की तादात में पर्यटकों का जमावड़ा हो रहा है।