25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कश्मीरियों को लेकर भारतीय सेना के खिलाफ आई यूएन की रिपोर्ट थी पाकिस्‍तानी साजिश

यह सनसनीखेज खुलासा तब हुआ जब कनाडा में रह रहे जफर बंगश नाम के एक शख्स ने खुद स्वीकार किया कि रिपोर्ट तैयार करने के दौरान संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त जैद राद अल-हुसैन लगातार उनके संपर्क में थे।

2 min read
Google source verification
UNHRC

पाकिस्तानियों की साजिश थी कश्मीरियों को लेकर भारतीय सेना के खिलाफ आई यूएन की रिपोर्ट

ओंटोरियो। भारतीय सेना पर गंभीर इल्जाम लगाने वाली संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल इस साजिश में पाकिस्तान मूल के एक शख्स का हाथ है। यह सनसनीखेज खुलासा तब हुआ जब कनाडा में रह रहे जफर बंगश नाम के एक शख्स ने खुद स्वीकार किया कि रिपोर्ट तैयार करने के दौरान संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त जैद राद अल-हुसैन लगातार उनके संपर्क में थे। गौरतलब है कि भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस रिपोर्ट को तत्काल पूरी तरह से खारिज कर दिया था।

कश्मीर पर कॉन्फ्रेंस में कबूली बात

टोरंटो में रहने वाले जफर इस्लामिक आंदोलन से जुड़े पत्रकार और यॉर्क इलाके की मस्जिदों के इस्लामिक सोसायटी के इमाम हैं। कश्मीर पर एक कॉन्फ्रेंस में उन्होंने खुद यह सनसनीखेज खुलासा किया है। उन्होंने कहा, 'मैं पूरी विनम्रता से कहता हूं हम कश्मीर के दोस्तों की भी इस रिपोर्ट को बनाने में भूमिका है। बल्कि, इस रिपोर्ट को लेकर मेरी संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त से ई-मेल पर बातचीत हुई है, जिसमें उन्होंने मेरी निजी चिट्ठी का जवाब भी दिया है और कहा है कि वह लाइन ऑफ कंट्रोल के दोनों तरफ यानी आजाद कश्मीर और भारत अधिकृत कश्मीर जाना चाहेंगे।' इस कॉन्फ्रेंस में बंगेश ने यह भी खुलासा किया कि उन्होंने पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नफीस जकारिया से बातचीत के बाद ही जैद-राद अल हुसैन को जवाब दिया था।

भारत ने खारिज कर दी थी रिपोर्ट

गौरतलब है कि 14 जून को संयुक्त राष्ट्र ने कश्मीर में मानवाधिकारों को लेकर अपनी अब तक की पहली रिपोर्ट जारी की थी। इस रिपोर्ट में भारत पर नागरिकों के खिलाफ अत्यधिक बल प्रयोग का आरोप लगाया गया था। भारत ने इस रिपोर्ट को निराशाजनक, फर्जी जानकारियों का संकलन कहा था। भारत ने रिपोर्ट को लेकर संयुक्त राष्ट्र के सामने भी कड़ा विरोध दर्ज कराया था।

कश्मीर घाटीः सुरक्षाबलों से भिड़ंत में घायल हुए 20 नागरिक और 2 जवान, दो आतंकी ढेर