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अपराधियों पर कहर बनकर टूटेंगी ये बेटियां, यूपी पुलिस में शामिल हुईं 74 महिला सब इंस्पेक्टर

Highlights 91 कैडेट्स की हुई थी ट्रेनिंग 74 हुईं पास आउट एडीजी ब्रजराज मीणा ने ली सलामी

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मुरादाबाद: यूपी पुलिस के बेड़े में 74 और महिला सब इंस्पेक्टर शामिल हो गयीं। शहर के सिविल लाइन पुलिस ट्रेनिंग कॉलेज में आयोजित पासिंग आउट परेड में इन 74 सब इंस्पेक्टर्स की सलामी एडीजी ब्रजराज मीणा ने ली। उन्होंने कानून का पालन कराने और अपने कर्तव्यों की शपथ इन्हें दिलाई। इस दौरान बड़ी संख्या में में कैडेट्स के परिजन भी मौजूद रहे। ये सभी मृतक आश्रित कोटे से थे, जिनकी एक साल की ट्रेनिंग पूरी हुई है। इसमें सर्वश्रेष्ठ कैडेट अमेठी की ऋचा मिश्रा को चुना गया।

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ये रहीं नम्बर वन

आउट डोर और इंडोर की ट्रेनिंग में शानदार प्रदर्शन कर सर्वोत्तम सर्वांग चुनीं गईं रिचा मिश्रा अमेठी के रामनाथपुर (बड़ा) गांव की रहने वाली हैं। उनके पिता प्रेम नारायण मिश्रा यूपी पुलिस में सब इंस्पेक्टर थे। उनकी तैनाती सीतापुर में थी। 2011 में सड़क हादसे में रिचा के पिता की मृत्यु हो गई थी। रिचा के परिवार में मां श्यामा मिश्रा और दो बहन पूजा शुक्ला, दीपा शुक्ला हैं। दोनों बहनों की शादी हो चुकी है। रिचा ने बीएससी, एमए किया है। उनका कहना है कि वह अपनी तैयारी आगे भी जारी रखेंगी और वह आईपीएस बनना चाहती हैं। पूनम, कविता और कंचन ने कहा कि हमारा मकसद रहेगा कि पीड़िता को न्याय दिलाने में हमारी भूमिका रहे।

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बदला हुआ था नजारा

पीटीसी का नजारा को बदला हुआ था। पासिंग आउट परेड के बाद जैसे ही महिला सब इंस्पेक्टर अपनों के पास पहुंचीं। उनकी आंखों से आंसू छलक आए। कोई अपने पिता को याद कर मां के कंधे पर सिर रखकर रोई तो किसी ने अपने बच्चों को गले लगा लिया। सभी मृतक आश्रित कोटे से सब इंस्पेक्टर बनी हैं।

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एक साल से ज्यादा चली ट्रेनिंग

एक साल से ज्यादा अपनों से दूर रहकर ट्रेनिंग की। कई महिला दरोगा के तो छोटे छोटे बच्चे हैं। जिन्हें घर छोड़कर ट्रेनिंग की। मंगलवार को वो बच्चे भी मां को देखने के लिए यहां थे। अब इन सभी को इनके आवंटित जिलों में भेज दिया जाएगा।