धमाके माटुंगा रोड, माहिम, बांद्रा, खार, जोगेश्वरी, बोरीवली और मीरा रोड के पास हुए थे। भीड़भाड़ वाले फर्स्ट क्लास डिब्बों को निशाना बनाया गया था। विस्फोट इतने शक्तिशाली थे कि कई डिब्बों के परखच्चे उड़ गए। ट्रेन की सीटें, लोहे के टुकड़े और यात्रियों का सामान दूर-दूर तक बिखर गया। कुछ ही मिनटों में रेलवे ट्रैक चीख-पुकार और खून से भर गए।