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Maharashtra: सचिन वाजे का बयान विश्वसनीय नहीं, अनिल देशमुख को दोषी नहीं ठहराया जा सकता- बॉम्बे हाईकोर्ट

Anil Deshmukh Case: बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार को अनिल देशमुख को जमानत दे दी थी, लेकिन 13 अक्टूबर तक आदेश पर रोक लगा दी है ताकि ईडी अपील कर सके। इस बीच देशमुख ने मंगलवार को विशेष कोर्ट में सीबीआई (CBI) द्वारा उनके खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार के मामले में जमानत देने की गुहार लगाई है।

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मुंबई

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Dinesh Dubey

Oct 06, 2022

Anil Deshmukh money laundering case

अनिल देशमुख की जमानत पर फैसला आज

Anil Deshmukh Money Laundering Case: बॉम्बे हाईकोर्ट (Bombay High Court) से महाराष्ट्र (Maharashtra) के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख (Anil Deshmukh) के लिए राहतभरी खबर आई है। हाल ही में हाईकोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले (Money Laundering Case) में एनसीपी (NCP) नेता देशमुख को जमानत दे दी। दरअसल कोर्ट ने केंद्रीय एजेंसी (Enforcement Directorate) द्वारा अपने समक्ष पेश किये सबूतों से पाया है कि देशमुख को इस मामले में दोषी नहीं ठहराये जाने की अधिक संभावना है।

जस्टिस एनजे जमादार (NJ Jamadar) ने कहा कि जांचकर्ता प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मुख्य रूप से बर्खास्त मुंबई पुलिस के अधिकारी सचिन वाजे (Sachin Waze) के बयानों पर भरोसा किया है, जो मामले में सह-आरोपी है। उनके बयानों में दावा किया गया है कि फरवरी और मार्च 2021 के दौरान 1.71 करोड़ रुपये की राशि बार मालिकों से कथित रूप से उगाही की गई और देशमुख के निजी सहायक कुंदन शिंदे (Kundan Shinde) को सौंप दी गई। यह भी पढ़े-11 महीने बाद जेल से बाहर आएंगे महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख, मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने दी जमानत

कोर्ट ने कहा, सचिन वाजे के बयानों पर पूरी तरह से यक़ीन नहीं किया जा सकता है। कोर्ट ने यह भी कहा कि एक पुलिस वाले के रूप में वाजे का कार्यकाल भी विवादास्पद था। अब तक की सुनवाई में बॉम्बे हाईकोर्ट ने निष्कर्ष निकाला है कि कथित तौर पर देशमुख पर लगे आरोपों के समर्थन में ईडी द्वारा एकत्र किए गए गवाहों के बयान निश्चित रूप से यह साबित करने में विफल रहे है कि देशमुख द्वारा वास्तव में कौन सा आपराधिक कृत्य किया गया था। और इससे उन्हें अपराध की आय उत्पन्न करने में कैसे मदद मिली।

बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार को वरिष्ठ नेता को इस मामले में जमानत दे दी थी, लेकिन 13 अक्टूबर तक आदेश पर रोक लगा दी है ताकि ईडी अपील कर सके। इस बीच देशमुख ने मंगलवार को विशेष कोर्ट में सीबीआई (CBI) द्वारा उनके खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार के मामले में जमानत देने की गुहार लगाई है। इस पर जल्द ही सुनवाई हो सकती है।

गौरतलब हो कि 71 वर्षीय राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता देशमुख को पिछले साल 2 नवंबर को ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया था। वहीँ, सीबीआई ने भी उनके खिलाफ प्रारंभिक जांच शुरू करने के बाद अप्रैल 2021 में बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश पर भ्रष्टाचार करने का केस दर्ज किया था। पूर्व मंत्री फिलहाल मुंबई की आर्थर रोड जेल में बंद हैं।