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मराठी न बोलने पर बैंक कर्मचारियों को पीटा तो… राज ठाकरे पर भड़का यूनियन, दी चेतावनी

Marathi Row : मनसे पर निशाना साधते हुए बैंक कर्मचारी संघ ने कहा कि अगर बैंक के कर्मचारियों व अधिकारियों के साथ मारपीट की गई तो वह आंदोलन शुरू करेंगे।
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मुंबई

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Dinesh Dubey

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Updated: 4 Apr 2025, 8:03 PM IST

Raj Thackeray MNS marathi row

Raj Thackeray MNS : महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे (Raj Thackeray) ने अपने गुढी पाडवा सभा में मराठी भाषा के मुद्दे को एक बार फिर जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने महाराष्ट्र की बैंकों में मराठी के इस्तेमाल को लेकर मनसे कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए कि वे यह जांच करें कि बैंकों में मराठी भाषा का इस्तेमाल प्राथमिकता से हो रहा है या नहीं।

राज ठाकरे के निर्देश के बाद मनसे पदाधिकारी और कार्यकर्ता मुंबई, ठाणे, पालघर, पुणे समेत राज्य के विभिन्न हिस्सों में मौजूद बैंकों में जाकर मराठी भाषा के उपयोग पर जोर दे रहे हैं। हालांकि, इस दौरान कुछ जगहों पर बैंकों के कर्मचारियों और अधिकारियों के साथ बदसलूकी और मारपीट की घटनाएं भी सामने आई हैं। इसे लेकर अब बैंक कर्मचारी यूनियन ने कड़ी नाराजगी जताई है और सीधे तौर पर राज ठाकरे को चेतावनी दी है।

बैंकों को राजनीतिक अखाड़ा न बनाएं- बैंक यूनियन

ऑल इंडिया बैंक एम्प्लॉई एसोसिएशन (बैंक कर्मचारी संघ) के संयुक्त सचिव देवीदास तुलजापुरकर ने राज ठाकरे पर हमला बोलते हुए कहा, उन्हें यह करके सिर्फ राजनीतिक स्टंट करना था, लेकिन इसके लिए बैंकों को राजनीतिक अखाड़ा बनाना ठीक नहीं है। उन्होंने मनसे के आंदोलन पर नाराजगी जताते हुए चेतावनी दी कि यदि बैंक कर्मचारियों व अधिकारियों के साथ मारपीट की गयी तो वे भी सड़कों पर उतरने से पीछे नहीं हटेंगे।

यह भी पढ़े-मराठी विवाद: मनसे कार्यकर्ताओं ने 2 बैंक मैनेजरों से की बदसलूकी, एक कर्मचारी को पीटा, मामला दर्ज

बैंक कर्मचारियों की पिटाई बर्दाश्त नहीं...

उन्होंने आगे कहा कि कानून को हाथ में लेकर बैंकों पर दबाव बनाना कोई समाधान नहीं है। यदि वास्तव में मराठी भाषियों को बैंकिंग क्षेत्र में बढ़ावा देना है, तो महाराष्ट्र के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में बैंकिंग भर्ती के लिए व्यवस्था करनी चाहिए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि बैंकों की नीतियां तय करने वाले निदेशक मंडल में कोई मराठी व्यक्ति नहीं है, और वे इसके लिए जोर दें।

यह भी पढ़े-मनसे की गुंडागर्दी! मराठी न बोलने पर बैंक मैनेजर को धमकाया, CM ने दी कार्रवाई की चेतावनी

बैंक कर्मचारी संघ ने राज ठाकरे से इस दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की, बजाय इसके कि बैंक कर्मचारियों को डराने-धमकाने का रास्ता अपनाया जाए। हालांकि इस पूरे घटनाक्रम से साफ है कि मराठी भाषा के मुद्दे पर मनसे का आक्रामक रुख अब बैंकिंग क्षेत्र में विवाद का कारण बन रहा है। बहरहाल, अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि बैंक कर्मचारी यूनियन के इस सख्त रुख के बाद मनसे का यह आंदोलन क्या मोड़ लेगा।

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