
गोरेगांव में आग लगने से 7 लोगों की मौत
Goregaon Fire News: मुंबई के गोरेगांव (पश्चिम) स्थित जय संदेश भवन बिल्डिंग की पार्किंग में शुक्रवार को भीषण आग लग गई। इस हादसे में अब तक 7 लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि 50 से ज्यादा लोग घायल हुए है। राज्य सरकार ने इस अग्निकांड की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए है। इस बीच, घटना पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दुख जताया है। सीएम शिंदे ने मृतकों के परिवारों को 5-5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की। साथ ही घायलों के इलाज का पूरा खर्च भी सरकार उठाएगी।
दिल्ली में पत्रकारों से बात करते हुए सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा, ''गोरेगांव में एसआरए की बिल्डिंग में रात में आग लग गई है। मैं मुंबई के नगर निगम आयुक्त, पुलिस अधिकारी से लगातार संपर्क में हूं। जो हुआ वह दुर्भाग्यपूर्ण है। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, इमारत की पार्किंग में कागज और कपड़े के बंडल रखे थे। जिससे आग तेजी से फैली।'' मुख्यमंत्री ने कहा, “मैं हादसे में जान गंवाने वालों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं, सरकार उनके परिवारों को 5 लाख रुपये की आर्थिक मदद देगी... जो लोग घायल हैं उनका इलाज सरकार की ओर से कराया जाएगा।" यह भी पढ़े-Mumbai: राजीव गांधी मेडिकल कॉलेज में रैगिंग से खलबली, 9 सीनियर छात्र सस्पेंड
जांच के लिए कमेटी का गठन
गोरेगांव में लगी आग पर महाराष्ट्र सरकार में मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा ने कहा, "यह बहुत दुखद घटना है... इसकी उच्चस्तरीय जांच के लिए कमेटी का गठन किया जाएगा, जो 15 दिन में अपनी रिपोर्ट देगी। इस हादसे में जिनकी मृत्यु हुई है, उनके परिवारों को मुआवजा दिया जाएगा और घायलों का अच्छे से अच्छा इलाज कराया जाएगा।"
कैसे लगी आग?
अधिकारियों ने बताया कि आग गोरेगांव पश्चिम में स्थित एसआरए की इमारत जय संदेश भवन में तड़के तीन बजे के करीब लगी। आग इमारत के पर्किंग से फैली। आग लगने का कारण अभी पता नहीं चला है। लेकिन माना जा रहा है कि शॉर्ट सर्किट के बाद पर्किंग में रखे कपड़ों के गट्ठर में आग लगी और फैलती चली गयी। मृतकों में दो बच्चे भी शामिल है। घायलों का जोगेश्वरी के HBT ट्रॉमा सेंटर (31 मरीज भर्ती), जुहू के कूपर अस्पताल (14 मरीज भर्ती) और गोरेगांव के लाइफ लाइन अस्पताल (1 मरीज भर्ती) में इलाज चल रहा है। कई घायलों की हालत गंभीर है। मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका है।
गोरेगांव में आग लगने की घटना में मृतकों और घायलों के नाम-
चश्मदीद ने सुनाई दिल दहलाने वाली दास्तां!
एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि आग तेजी से फ़ैल रही थी और इमारत के लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भाग रहे थे। इस दौरान आग की लपटें फैलने पर इमारत में मौजूद एक शख्स ने अपनी जान की बाजी लगाकर अपने छोटे बच्चे समेत पूरे परिवार को बचाया। उन्होंने मीडिया को बताया कि जब फ्लैट में पूरा परिवार सो रहा था तो आसपास के लोगों ने दरवाजा खटखटाया और बताया कि आग लग गई है।
आग में सुरक्षित बचे शख्स ने आगे कहा, हम सभी तुरंत फ्लैट के बाहर आ गये। हालांकि, आग के धुएं के कारण वहां सांस लेना मुश्किल हो रहा था। इसलिए हम वापस फ्लैट में आ गए और आग बुझने का इंतज़ार करने लगे। हालांकि, आग तेजी से फैली और ऊपरी मंजिल तक पहुंच गई। फिर हमने फ्लैट से जाने का फैसला किया। उसके बाद मैंने अपने बच्चे के ऊपर एक शॉल ओढ़ाया और घने धुएं के बीच परिवार के साथ किसी तरह नीचे आ गया। इस दौरान शख्स का चेहरा भी आग की लपटों से कई जगह झुलस गया। हालांकि समय रहते साहस दिखाकर शख्स ने पूरे परिवार की जान बचा ली।
Published on:
06 Oct 2023 01:07 pm
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