
महाराष्ट्र में सूखे से परेशान किसान ने की आत्महत्या, फोटो सोर्स- ANI
Shankar Kshirsagar Farmer Suicide: महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति और किसानों की परेशानियों को लेकर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार ने राज्य सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने नांदेड़ जिले के किसान शंकर क्षीरसागर का मौत से पहले रिकॉर्ड किया गया एक वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किया। रोहित पवार के मुताबिक, किसान ने कर्ज माफी और अपनी बेटी की मेडिकल शिक्षा की फीस माफ नहीं होने से परेशान होकर आत्महत्या कर ली।
रोहित पवार ने कहा कि इस साल औसत से काफी कम बारिश होने के कारण महाराष्ट्र के कई हिस्से सूखे की चपेट में हैं। उनके बयान के अनुसार, राज्य के 302 तालुकों में सूखा घोषित किया गया है, जिनमें मराठवाड़ा के सबसे अधिक तालुके शामिल हैं। सरकार ने किसानों को राहत देने के लिए कई उपाय किए हैं, लेकिन इसके बावजूद कई किसान आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान एक तरफ कर्ज चुकाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ बच्चों की पढ़ाई और परिवार का खर्च उठाना भी उनके लिए मुश्किल हो रहा है। इसी संकट के बीच नांदेड़ के किसान शंकर क्षीरसागर की आत्महत्या का मामला सामने आया है।
रोहित पवार की ओर से साझा किए गए वीडियो में शंकर क्षीरसागर कथित तौर पर अपनी परेशानियां बताते हुए सरकार और जिला प्रशासन से जांच की अपील करते दिखाई देते हैं। वीडियो में किसान कहता है कि सरकार ने तीन बार कर्ज माफी की, लेकिन उसका कर्ज कभी माफ नहीं हुआ और उसका नाम लाभार्थियों की सूची में नहीं आया। वीडियो में किसान यह भी कहता है कि सरकार लड़कियों की शिक्षा की फीस माफ करने की बात करती है, लेकिन उसकी बेटी की मेडिकल शिक्षा की फीस माफ नहीं हुई। उसके मुताबिक, इस संबंध में आवेदन करने के बावजूद उसकी शिकायत पर ध्यान नहीं दिया गया। किसान ने जिला कलेक्टर से अपने मामले की जांच कराने की अपील की।
वीडियो साझा करते हुए रोहित पवार ने मुख्यमंत्री और राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं को गंभीरता से लेने की अपील की। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या किसान की मौत से पहले की गई गुहार सरकार तक पहुंच पाएगी और क्या प्रशासन उसकी शिकायतों की जांच करेगा।
रोहित पवार ने कहा कि यदि सरकार किसानों को बचाना चाहती है, तो उसे अहंकार छोड़कर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे मुद्दों पर भी सकारात्मक तरीके से विचार करना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि किसानों की समस्याओं का समय पर समाधान नहीं किया गया, तो संकट और गहरा सकता है। उन्होंने सरकार से किसान शंकर क्षीरसागर की शिकायतों और उनकी ओर से वीडियो में लगाए गए आरोपों की जांच कराने तथा किसानों को समय रहते सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
Updated on:
20 Oct 2026 05:58 pm
Published on:
20 Oct 2026 05:58 pm
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