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महाराष्ट्र में TCS जैसा एक और कांड! NGO संचालक गिरफ्तार, महिलाओं के यौन उत्पीड़न और धर्मांतरण का आरोप

Nagpur Conversion Case: नागपुर में एक गैर सरकारी संगठन (NGO) के संचालक पर धर्मांतरण, छेड़छाड़ और महिलाओं पर इस्लामी पोशाक पहनने और रीति-रिवाजों का पालन करने के लिए दबाव डालने का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने आरोपी रियाज काजी (Riyaz Kazi) को गिरफ्तार कर लिया है।

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मुंबई

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Dinesh Dubey

Apr 20, 2026

Nagpur Religious Conversion Sexual Harassment Case

आरोपी संचालक संचालक रियाज काजी गिरफ्तार (Photo: X/@subhi_karma)

महाराष्ट्र में कथित धर्मांतरण और महिला उत्पीड़न के मामलों ने फिर सनसनी फैला दी है। नासिक में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) से जुड़े बीपीओ (BPO) में जबरन धार्मिक गतिविधियों और यौन उत्पीड़न के आरोपों के बाद अब नागपुर से भी ऐसा ही एक गंभीर मामला सामने आया है। नागपुर के मानकापुर इलाके में एक एनजीओ (NGO) संचालक को कई महिलाओं की शिकायत के बाद गिरफ्तार किया गया है। आरोपी की पहचान रियाज काजी (Riyaz Kazi) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, रियाज काजी यूनिवर्सल मल्टीपर्पस सोसाइटी (यूएमएस) नामक एक एनजीओ चलाता है। रियाज काजी पर धर्मांतरण, छेड़छाड़ और महिलाओं पर इस्लामी पोशाक पहनने और रीति-रिवाजों का पालन करने के लिए दबाव डालने का आरोप है।

महिला कर्मचारियों ने की शिकायत, ATS भी कर सकती है जांच

रिपोर्ट्स के मुताबिक, एनजीओ से जुड़ी महिला कर्मचारियों ने रियाज काजी पर यौन उत्पीड़न, मानसिक प्रताड़ना, धमकी और जबरन धार्मिक गतिविधियों में शामिल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। अब तक कम से कम तीन महिलाएं सामने आकर शिकायत दर्ज करा चुकी हैं। इन शिकायतों के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी। इस मामले की जांच में महाराष्ट्र आतंकवाद विरोधी दस्ते (एटीएस) की भी एंट्री हो सकती है।

एक साल से प्रताड़ना का आरोप

शिकायतकर्ता महिलाओं का आरोप है कि पिछले करीब एक साल से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा था। पीड़ित महिलाओं ने दावा किया कि उन पर उनकी इच्छा के खिलाफ कुछ धार्मिक गतिविधियों में शामिल होने का दबाव बनाया गया। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो नौकरी से निकालने और जान से मारने तक की धमकियां दी गईं।

कुछ महिलाओं ने यह भी आरोप लगाया कि जब उन्होंने नौकरी छोड़ने की कोशिश की, तब उनके परिवार के सदस्यों को भी धमकाया गया। इन आरोपों ने मामले को और गंभीर बना दिया है।

मानकापुर पुलिस ने रियाज काजी को दबोचा

मामले की गंभीरता को देखते हुए मानकापुर पुलिस स्टेशन के प्रभारी निरीक्षक हर्ष कलसेकर ने शनिवार शाम जांच शुरू की। पुलिस ने उसी रात त्वरित कार्रवाई करते हुए रियाज काजी को हिरासत में लिया और पूछताछ के लिए थाने ले जाया गया।

कोर्ट ने 23 अप्रैल तक पुलिस कस्टडी में भेजा

रविवार को आरोपी रियाज काजी को अदालत में पेश किया गया, जहां मजिस्ट्रेट ने उसे 23 अप्रैल तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया। अब पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि क्या इस मामले में और भी पीड़िताएं सामने आ सकती हैं।

कई धाराओं में केस दर्ज

पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। इनमें धारा 74, 75(2), 78(2), 296, 302(1), 356(2) समेत अन्य संबंधित प्रावधान शामिल हैं। इसके अलावा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) की धारा 66 के तहत भी केस दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने कहा कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, सबूतों के आधार पर और धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं।

फाउंडेशन की गतिविधियां भी जांच के घेरे में

पुलिस रियाज काजी के साथ ही उसकी एनजीओ की गतिविधियों, उससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका और किसी बड़े नेटवर्क की संभावना की भी जांच कर रही है। अधिकारियों ने कहा है कि शिकायतकर्ता महिलाओं की सुरक्षा और गोपनीयता को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि वे बिना किसी डर या दबाव के अपने बयान दर्ज करा सकें।

संस्था बंद करने को लेकर नोटिस जारी

इस बीच संबंधित संस्था को बंद करने के लिए भी नोटिस जारी किए जाने की खबर है। मामले पर वरिष्ठ अधिकारी नजर बनाए हुए हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में अगर आरोप सही पाए गए तो कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।