
कैराना उपचुनाव से पहले दंगे के आरोपियों को भाजपा ने दिया यह तोहफा जानकर आप भी रह जाएंगे हैरान
शामली. पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री एवं मुजफ्फरनगर से भाजपा सांसद संजीव बालियान ने रालोद मुखिया चौधरी अजित सिंह द्वारा दंगों को लेकर की जा ही बयानबाजी को गुमराह करने वाला बताया है। उन्होंने कहा कि दंगा पूर्व सपा सरकार के मंत्री आजम खां व एक जिले के सपा नेता के हत्यारोपियों को दबाव बनाकर छुड़ाने पर हुआ था। उन्होंने स्पष्ट किया कि दंगे में नामजद आज सभी लोग जेल से बाहर हैं। केवल एक व्यक्ति ही जेल में है। भाजपा सरकार द्वारा दंगों में दर्ज 114 मुकदमों वापस लेने की प्रक्रिया जारी है। इनमें से 49 मामलों में आख्या भेजी जा चुकी है। जबकि अन्य में भी प्रक्रिया तेजी से चल रही है।
दरअसल, आपको बता दें कि कैराना लोकसभा सीट पर आगामी 28 मई को उपचुनाव का मतदान होना है। मतदान से 8 दिन पहले पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद संजीव बालियान ने कहा कि दिल्ली में बैठे रहने वाले आज दंगों को लेकर जनता को गुमराह कर रहे हैं। सभी जानते हैं कि कवाल गांव में सचिन और गौरव की हत्या के बाद पुलिस ने हत्यारोपियों को पकड़ा। प्रदेश की सपा सरकार के मंत्री आजम खां एवं जिले के एक नेता जो अब उनकी पार्टी में हैं, उनके दबाव में रात को ही डीएम और एसपी का तबादला कर दिया गया और हत्यारोपियों को छुड़ाया गया। इसके विरोध में उन्होंने पांच तारीख को बंद का आह्वान किया। जबकि चार को उन्हें व बुढ़ाना विधायक उमेश मलिक आदि को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। सात को पंचायत से लौटते समय लोगों पर हमला हुआ और जिसका अाक्रोश फैला। सात की पंचायत में सभी राजनीतिक दलों के नेता थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस नेता आजम खां की वजह ये दंगा हुआ उन्हें स्टार प्रचारक बनाया गया है। तत्कालीन सरकार में दंगों में फर्जी तरीके से 6879 लोग नामजद किए गए। इसमें एसआईटी ने जांच के बाद 5172 लोगों के नाम जांच को बाहर निकाले। मुजफ्फरनगर से 1479 लोग जेल गए थे। अब सभी लोग जेल से बाहर हैं। केवल एक मोहम्मद पुर राई का सेंसर सिंह जेल में बंद है।
उन्होंने आगे कहा कि खाप चौधरियों के नेतृत्व में वह राजेंद्र सिंह, नरेश टिकैत, राजबीर आदि के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिले थे और दंगों में नामजद फर्जी मुकदमे वापस लेने की मांग की थी। इस मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया। साथ ही जिलाधिकारियों से इसकी आख्या मांगी। इस पर बड़ी तेजी से काम हो रहा है। जिसमें 49 मामलों की आख्या भेजी जा चुकी है, जो मुकदमे वापसी होने हैं उनमे शामली जिले कें लांक, लिसाढ़ बहावडी, शामली आदि के पचास से अधिक मुकदमे हैं। उन्होंने बताया कि भाजपा सरकार द्वारा दंगों में दर्ज 114 मुकदमों वापस लेने की प्रक्रिया जारी है। इनमें से 49 मामलों में आख्या भेजी जा चुकी है। जबकि अन्य में भी प्रक्रिया तेजी से चल रही है। इस दौरान गठवाला खाप के राष्ट्रीय चौधरी बाबा बलजीत सिंह, विधायक उमेश मलिक, हरबीर मलिक, प्रसन्न चौधरी, प्रताप सिंह, यशपाल पंवार आदि उपस्थित रहे।
Published on:
20 May 2018 10:06 am
बड़ी खबरें
View Allमुजफ्फरनगर
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
