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VIDEO: अब गोबर से बनेगा गमला, मशीन ने मचाई देश में धूम

Highlights गोबर से गमला बनाने की मशीन संगम स्वयं सहायता समूह ने बनाई मशीन ग्रामीण विकास मंत्रालय की वेबसाइट पर मिला स्थान

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मुजफ्फरनगर। देश में इन दिनों गोबर से गमला बनाने की मशीन सुर्खियों में बनी हुई है। हाल ही में दिल्ली में लगे सरस मेले में गोबर से गमला बनाने की मशीन को जिसने भी देखा, दीवाना हो गया। यही नहीं दिल्ली के सरस मेले में गोबर से गमला बनाने की मशीन को लेकर गए। इस मशीन के लिए संगम स्वयं सहायता समूह को उत्तर प्रदेश के लिए प्रथम स्थान मिला। यही नहीं इस मशीन को देश के ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा काफी पसंद किया गया।

गोबर से गमला बनाने वाली मशीन मुजफ्फरनगर के नुमाइश ग्राउंड में प्रदर्शनी में भी काफी चर्चाओं में हैं, क्योंकि इस मशीन के द्वारा वेस्ट मटेरियल जिसमें 80% गोबर और 10% मिट्टी व 10% लकड़ी का बरुदा मिलाया जाता है। जिसके बाद एक बार प्रेशर करने पर ही गमला तैयार हो जाता है। गोबर के गमले की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह कीमत में भी काफी सस्ता है और इस गमले में लगाए जाने वाले पौधों को गमले की दीवारों से पोषण मिलता है। जिससे गमले में लगा पौधा स्वस्थ और हरा भरा रहता है। हालांकि इसकी लाइफ छह महा बताई जा रही है। उसके बाद इसको नए गमले में बदल दिया जाता है। इस तरह गोबर का भी इस्तेमाल अच्छी तरह हो जाता है।

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मुजफ्फरनगर के मुख्य विकास अधिकारी आलोक यादव (आईएएस ) ने खुद इस मशीन का परीक्षण के लिए गमला बनवाया। उसके बाद गोबर के गमले की खासियत भी बताइए। बताया जा रहा है कि दिल्ली के सरस मेले में गोबर से गमला बनाने की मशीन आकर्षण का केंद्र तो बनी ही, साथ ही ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा इस मशीन को अपनी वेबसाइट पर भी स्थान दिया।