
Nagaur Accident PIC
राजस्थान के नागौर और सीकर में दो अलग-अलग सड़क हादसों ने सिहराकर रख डाला। पहली घटना नागौर जिले के मेड़ता उपखंड क्षेत्र में सामने आई, जहां एक कार और ट्रेलर की आमने-सामने की भिड़ंत ने 3 लोगों की जान ले ली। वहीं, दूसरी घटना सीकर जिले के चूरू हाईवे पर हुई, जहां सड़क किनारे खड़े एक बड़े ट्रोले में पीछे से आ रहे ट्रेलर ने जोरदार टक्कर मार दी, जिससे 2 लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। दोनों ही हादसों में जान गंवाने वाले लोग पड़ोसी राज्य हरियाणा के रहने वाले थे।
नागौर जिले के मेड़ता क्षेत्र में दर्दनाक हादसा रविवार दोपहर को जसनगर थाना इलाके के पास घटित हुआ। यहां हाईवे पर सामने से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रेलर और सामने से आ रही एक निजी कार के बीच जोरदार आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भयावह थी कि भारी-भरकम ट्रेलर ने कार को अपनी चपेट में ले लिया और उसे सड़क पर करीब 50 फीट की दूरी तक घसीटता हुआ आगे ले गया। इस घसीट के कारण कार का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और उसके परखच्चे उड़ गए।
इस हादसे में कार के भीतर सवार एक ही परिवार के 3 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में एक पुरुष (पति), एक महिला (पत्नी) और एक मासूम बच्ची शामिल हैं। कार के मलबे में फंसी एक अन्य छोटी बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने राहत कार्य शुरू किया और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने घायल बच्ची को बाहर निकालकर तुरंत पास के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां से उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
जसनगर थाना पुलिस की प्रारंभिक शिनाख्त में सामने आया है कि पीड़ित परिवार हरियाणा के रोहतक जिले के मेवाड़ी गांव का रहने वाला था, जो राजस्थान की तरफ आ रहा था। पुलिस ने क्रेन की मदद से कार के मलबे को हाईवे से हटाकर यातायात सुचारू करवाया और तीनों शवों को स्थानीय सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है, जहां परिजनों के आने के बाद पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जाएगी।
सोमवार सुबह का दूसरा भीषण हादसा सीकर जिले के रामगढ़ सेठान थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चूरू हाईवे पर दर्ज किया गया। पुलिस के अनुसार, चूरू हाईवे पर एक बड़ा ट्रोला खड़ा था। इसी दौरान पीछे से एक बेहद तेज रफ्तार ट्रेलर आया और उसने बिना ब्रेक लगाए सीधे खड़े ट्रोले के पिछले हिस्से में बहुत ही जोरदार टक्कर मार दी।
पीछे से हुई यह भिड़ंत इतनी खतरनाक थी कि टक्कर मारने वाले ट्रेलर का आगे का केबिन पूरी तरह से चपटा हो गया। केबिन के भीतर बैठे लोग उसमें बुरी तरह फंस गए। इस जबरदस्त टक्कर के परिणाम स्वरूप ट्रेलर में सवार 2 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति केबिन के मलबे में दबकर गंभीर रूप से घायल हो गया।
रामगढ़ सेठान थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थानीय लोगों की मदद से काफी मशक्कत के बाद केबिन के लोहे को काटकर मृतकों के शवों और घायल व्यक्ति को बाहर निकाला। घायल व्यक्ति को तुरंत नजदीकी अस्पताल भेजा गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे चूरू के बड़े अस्पताल के लिए रेफर कर दिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतकों में से 1 व्यक्ति की पहचान हरियाणा के जींद जिले के निवासी के रूप में हो चुकी है, जबकि दूसरे मृतक की पहचान स्थापित करने के लिए पुलिस आसपास के थानों और परिवहन विभाग के रिकॉर्ड की मदद ले रही है।
नागौर और सीकर में हुए इन दो बैक-टू-बैक हादसों ने राजस्थान के राष्ट्रीय राजमार्गों पर सुरक्षा मानकों और भारी वाहनों की गति सीमा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिवहन विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के नियमों के बावजूद, हाईवे पर वाहनों की अनियंत्रित गति और ड्राइवरों द्वारा रात के समय लगातार गाड़ी चलाने से आने वाली नींद की झपकी इन हादसों की सबसे बड़ी वजह बनकर सामने आ रही है।
इसके अलावा, सीकर वाले हादसे में एक और बड़ी लापरवाही सामने आई है- हाईवे के किनारे बिना किसी रिफ्लेक्टर, इंडिकेटर या सुरक्षा चेतावनी के भारी वाहनों को खड़ा कर देना। चूरू हाईवे पर खड़े ट्रोले के पीछे कोई सुरक्षा संकेत न होने के कारण पीछे से आ रहे ट्रेलर ड्राइवर को अंधेरे या सुबह के धुंधलके में खड़े वाहन का अंदाजा नहीं मिल पाया, जो कि इस बड़े हादसे का मुख्य कारण बना।
Updated on:
22 Jun 2026, 12:41 PM IST
Published on:
22 Jun 2026, 12:41 PM IST
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