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बालश्रम पर लगे पूरी तरह अंकुश, बच्चों के प्रकरणों में गंभीरता बरतें – कलक्टर

जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र सोनी की अध्यक्षता में जिला बाल संरक्षण इकाई की बैठक आयोजित
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There should be a complete curb on child labor : Collector Soni

There should be a complete curb on child labor : Collector Soni

नागौर. जिले में कहीं भी बालश्रम की शिकायत मिले तो इसकी तत्काल प्रभाव जांच करते हुए पीडि़त पक्ष को न्याय दिलाया जाए। बच्चों से जुड़े प्रकरणों में गंभीरता बरतते हुए इनका निस्तारण करें। यह निर्देश बुधवार को जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने जिला बाल संरक्षण इकाई की बैठक में दिए।
कलक्टर सोनी ने बैठक में मौजूद अधिकारियों से कहा कि बच्चों से जुड़े प्रकरणों में पूर्ण संवेदनशीलता बरती जाए। आगामी समय विद्यालयों में बाल समितियों व चाइल्ड राइट्स क्लब का गठन किया जाकर इनकी गतिविधियां आयोजित करें। उन्होंने बाल मित्र योजना के तहत बाल कल्याण समिति द्वारा सहायक व्यक्ति की नियुक्ति एवं उनको दिए जाने वाले प्रकरण तथा पीडि़त बच्चे व उसके परिवार को राजस्थान पीडि़त प्रतिकर योजना, एसटी/एससी अधिनियम तथा अन्य माध्यमों से प्रतिकर/राहत उपलब्ध करने की स्थिति पर भी संबंधित विभागीय जिला अधिकारी से चर्चा की।

बैठक में बाल अधिकारिता के सहायक निदेशक ने कलक्टर को बताया कि ग्राम पंचायत स्तरीय बाल संरक्षण समितियों व ब्लॉक स्तरीय बाल संरक्षण समितियों का गठन पंचायतीराज विभाग के सहयोग से किया जा चुका है। बैठक में चाइल्ड हैल्प लाइन के कामकाज तथा ग्रीनवैल चिल्डऩ सोसाइटी की ओर से संचालित चोखा घर के संचालन की भी समीक्षा की गई।
बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मेहराम महिया ने बताया कि सोनोग्राफी सेंटर्स संचालकों द्वारा जरूरतमंद परिवारों की 275 बच्चियों को शिक्षा की दृष्टि से गोद लिया गया है। बालिका शिक्षा के बढ़ावा देने के लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से किए जा रहे इस प्रयास की जिला कलक्टर ने सराहना की।
बैठक के दौरान मानव तस्करी यूनिट में प्राप्त प्रकरणों, बाल तस्करी की रोकथाम, बाल भिक्षावृति पर रोकथाम, श्रम विभाग द्वारा किए गए सर्वे तथा बाल श्रम निरोधक कार्यवाही तथा ईंट भट्टे, कारखाने, होटल, ढाबे तथा शादी विवाह के स्थलों एवं अन्य जगह पर बाल श्रम रोकथाम को लेकर की गई कार्रवाई की प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा की गई।
बैठक में बाल कल्याण समिति अध्यक्ष मनोज सोनी, समिति सदस्य निधी हेड़ा, रामलाल कुंवाड़, समिति सदस्य नत्थुराम मेघवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश मीणा, किशोर न्याय बोर्ड सदस्य अखाराम मेघवाल, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हीरालाल मीणा, सहायक निदेशक बाल अधिकारीता संजय सांवलानी, किशोर ग्रह अधीक्षक किशनाराम लोल, डीसीपीयू सदस्य डॉ. जस्साराम मेघवाल, जिला पीसीपीएनडीटी कॉर्डिनेटर सत्येन्द्र पालीवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।

बाल कल्याण समिति चलाएगी बाल श्रम रोकथाम अभियान
बाल श्रम रोकथाम को लेकर बैठक में बाल कल्याण समिति अध्यक्ष मनोज सोनी ने जिला कलक्टर सोनी को अवगत कराया कि बाल श्रम के खिलाफ नागौर मुख्यालय पर कार्रवाई की जानी है, जिसको लेकर नागौर कोतवाली पुलिस थाना एवं सदर पुलिस थाना के दो बाल कल्याण अधिकारी बाल कल्याण समिति की टीम के साथ अटेच किए जाएं, ताकि होटल, ढाबों, कारख़ानों सहित व्यापारिक संस्थाओं पर बालश्रम के खिलाफ कार्रवाई की जा सके। इस पर तत्काल कार्रवाई करते हुए जिला कलक्टर ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश मीणा को आवश्यक निर्देश देते हुए दो बाल कल्याण अधिकारी समिति के साथ अटेच करने के निर्देश दिए। इसको लेकर समिति अध्यक्ष मनोज सोनी ने बताया की जल्द ही नागौर जिला मुख्यालय पर बाल श्रम के खिलाफ बाल कल्याण समिति चाइल्ड लाइन टीम के साथ प्रभावी कार्रवाई करेगी एवं जहां बाल श्रम पाया जाएगा, उन नियोक्ता के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। बैठक में नावां में बाल श्रम रोकथाम को लेकर किए गए सर्वे कार्रवाई को लेकर चाइल्ड लाइन टीम सदस्य करनी सिंह, विकास एवं बबीता कंवर के कार्यों को लेकर सम्मानित किया।