29 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

फिर शुरू हुई कन्यादान योजना, फ्री में होंगी शादियां, 11 हजार का चेक 38 हजार का मिलेगा घर-गृहस्थी का सामान

मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत होने वाली शादियों को हरी झंडी मिल गई है, इस योजना के तहत शीघ्र ही शहनाईयां गूंजेगी, जिससे गरीब और उन जरूरतमंद परिवारों को बेहतर लाभ मिलेगा, जो आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण खुद बेटे-बेटियों का विवाह भी नहीं कर पा रहे थे.

less than 1 minute read
Google source verification
फिर शुरू हुई कन्यादान योजना, फ्री में होंगी शादियां, 11 हजार का चेक  38 हजार का मिलेगा घर-गृहस्थी का सामान

फिर शुरू हुई कन्यादान योजना, फ्री में होंगी शादियां, 11 हजार का चेक 38 हजार का मिलेगा घर-गृहस्थी का सामान

नर्मदापुरम. देर से ही सही, लेकिन इस बार मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत होने वाली शादियों को हरी झंडी मिल गई है, इस योजना के तहत शीघ्र ही शहनाईयां गूंजेगी, जिससे गरीब और उन जरूरतमंद परिवारों को बेहतर लाभ मिलेगा, जो आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण खुद बेटे-बेटियों का विवाह भी नहीं कर पा रहे थे, इस बार इस योजना के तहत 11 हजार रुपए का चेक और 38 हजार रुपए का घर-गृहस्थी का सामान दिया जाएगा। ताकि जरूरतमंद जोड़े आसानी से अपने जीवन की शुरूआत कर सकेंं।

विवाह 26 मई और निकाह 20 अगस्त से शुरू

राज्य शासन ने मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना की फिर से शुरूआत की है। यह योजना कोविड के कारण बंद थी। लेकिन जिले में योजना के तहत होने वाले विवाह इस बार 26 मई और निकाह 20 अगस्त से शुरू होंगे। मुख्यमंत्री कन्यादान योजना में दंपती को इस बार 51 हजार रुपए की जगह 55 हजार रुपए की राशि के उपहार दिए जाएंगे। सामाजिक न्याय विभाग के उपसंचालक प्रमीला वाइकर ने बताया कि हाल ही में योजना का प्रपत्र आया है। विवाह के आयोजन निकायों और जनपद पंचायतों द्वारा कराया जाना है। कोई निकाय 5 से कम विवाह नहीं करा सकती है। सामान खरीदी के लिए अभी कोई प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है।

यह भी पढ़ें : बच्चों की मौज-अब रोज मिलेंगे बिस्किट, मुरमुरे, लड्डू और नमकीन

पंचायतें करा सकेंगी सामूहिक शादी
इस बार नियमों में बदलाव किया गया है। शासन से मिलने वाली राशि 55 हजार रुपए में से 38 हजार रुपए की सामग्री दी जाएगी। इसमें 11 हजार रुपए का चेक दिया जाएगा। बाकी 6 हजार रुपए अन्य व्यवस्थाओं में खर्च किए जाएंगे। यह विवाह इस बार नगरीय निकाय और जनपद पंचायतें करेंगी। पहले संगठन और सामाजिक संस्थाओं द्वारा विवाह कराए जाते थे। जो अब नहीं होंगे।

Story Loader