यह सिस्टम जन्म प्रमाण पत्र, मैट्रिक सर्टिफिकेट, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट, पैन, पीडीएस और मनरेगा जैसे डेटाबेस से पता और दूसरी जानकारी हासिल करेगा। इससे न केवल दस्तावेजों की जांच आसान होगी, बल्कि जाली दस्तावेजों के इस्तेमाल पर भी रोक लगाने में मदद मिलेगी। बिजली बिल को भी इस सिस्टम से जोडऩे की तैयारी चल रही है।