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अमरावती की महाजीत राष्ट्रपति की एक मुहर और खत्म हुआ राजधानी का इंतजार

Amaravati Capital News : आंध्र प्रदेश की राजधानी को लेकर चल रहा सालों का इंतजार अब खत्म हो गया है। राष्ट्रपति की मुहर लगते ही अमरावती अब कानूनी तौर पर राज्य की राजधानी बन गई है। अब शहर को मिलेगी नई दिशा

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amaravati andhra pradesh permanent capital

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Amaravati Capital News : आंध्र प्रदेश के लोगों का लंबे समय से चला आ रहा इंतजार अब खत्म हो गया है, क्योंकि अमरावती को आधिकारिक तौर पर राज्य की स्थायी राजधानी बना दिया गया है। द्रौपदी मुर्मू द्वारा आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) अधिनियम, 2026 को मंजूरी मिलने के बाद अब यह फैसला पूरी तरह कानूनी रूप से ले लिया गया है। इससे राज्य की राजनीति और प्रशासन को नई दिशा मिलेगी। वहीं आंध्र प्रदेश के शिक्षा और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री नारा लोकेश ने भी इसी तरह की भावनाएं व्यक्त करते हुए इस दिन को राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए ऐतिहासिक बताया।

आंध्र प्रदेश को मिली कामयाबी

इस बड़ी कामयाबी के बाद मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने आंध्र की जनता के आत्मसम्मान की जीत बताया। नायडू ने कहा कि यह मुकाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहयोग के बिना पाना मुश्किल था। उन्होंने दिल्ली के उन सभी सांसदों का भी शुक्रिया अदा किया जिन्होंने इस बिल को पास कराने में मदद की। नायडू के लिए यह सिर्फ एक प्रशासनिक फैसला नहीं है, बल्कि यह उनके उस विजन की जीत है जिसे पिछली सरकारों के दौरान हाशिए पर धकेलने की कोशिश की गई थी।

नक्शे पर एक बड़ा हब बनेगा

राजधानी बनाने के लिए हजारों किसानों ने अपनी उपजाऊ जमीनें सरकार को दे दी थीं। जब बीच में राजधानी को बदलने की बातें शुरू हुई थीं, तो ये किसान ही थे जो सड़कों पर डटे रहे। आईटी मंत्री नारा लोकेश ने कहा कि आज उन माताओं और बुजुर्गों का सिर गर्व से ऊंचा हो गया है जिन्होंने पुलिस की लाठियां सहीं और अपमान झेला, पर अपनी जमीन और अपनी राजधानी का हक नहीं छोड़ा। अब अमरावती में सिर्फ दफ्तर नहीं बनेंगे, बल्कि यह शहर अब दुनिया के नक्शे पर एक बड़ा हब बनकर उभरेगा।

रफ्तार विकास की रफ्तार दोगुनी

वहीं बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष पीवीएन माधव ने भी इसे एक ऐतिहासिक पल बताते हुए कहा कि राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद अब सारा भ्रम दूर हो गया है। अब राज्य में स्थिरता आएगी और विकास की रफ्तार दोगुनी हो जाएगी। अब सरकार का अगला कदम इस शहर को आधुनिक सुविधाओं से लैस करना है। सड़कों का निर्माण और बड़े प्रोजेक्ट्स जो बंद पड़े थे, उन्हें अब फिर से हरी झंडी मिल गई है। अमरावती अब आंध्र प्रदेश के नए भविष्य की पहचान बन चुकी है।