
Babul Supriyo(Image-ANI)
West Bengal Control of Anti-Social Activities Bill 2026: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद बाबुल सुप्रियो ने पश्चिम बंगाल पब्लिक सेफ्टी एंड कंट्रोल ऑफ एंटी-सोशल एक्टिविटीज बिल, 2026 का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि चोरी और गुंडागर्दी में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए और ऐसे लोगों को जेल भेजा जाना चाहिए। गुंडागर्दी और हुड़दंग मचाने वालों से निपटने के लिए एक मजबूत 'एंटी-राउडी पॉलिसी' जरूरी है, लेकिन इसके साथ ही इस बात का ध्यान रखना भी जरूरी है कि कानून का किसी भी तरह से दुरुपयोग नहीं होना चाहिए।
टीएमसी सांसद सौगत रॉय ने कहा कि अगर यह विधेयक गुंडों पर लगाम लगाने में मददगार है, तो यह अच्छी बात होगी। लेकिन मूल रूप से यह विधेयक असंवैधानिक है। संविधान के अनुसार, गिरफ्तार किए गए किसी भी व्यक्ति को 24 घंटे के भीतर अदालत में पेश किया जाना अनिवार्य है। गुंडा दमन विधेयक इस संवैधानिक अधिकार को छीन लेता है। इसलिए मैं इस तथाकथित गुंडा दमन विधेयक का विरोध करता हूं, जो कुछ राज्यों में भी है, लेकिन यह असंवैधानिक और अलोकतांत्रिक है। मैं पुलिस को मनमानी शक्तियां दिए जाने के खिलाफ हूं। कोलकाता हवाई अड्डे की मस्जिद में नमाज रोकना गलत है, क्योंकि यह मुस्लिम समुदाय के खिलाफ है।
'गुंडा दमन' कानून मुख्यमंत्री शुभेन्द्र अधिकारी ने कोलकाता में मीडिया से बात करते हुए कहा कि 15 साल तक गुंडों की सरकार रही। 15 साल कम्युनिस्ट शासन और 15 साल तृणमूल के गुंडों का राज रहा। उनके खिलाफ कार्रवाई करने के लिए इस कानून की जरूरत थी। हमने विधानसभा में बिल पास किया और यह कानून लाए।
'गुंडा दमन' बिल पर बीजेपी विधायक पवन कुमार सिंह ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मैं इस बिल के पास होने का स्वागत करता हूं। इसके लिए हमारी मुख्यमंत्री शुभेन्दु अधिकारी का भी धन्यवाद करना चाहता हूं। इस बिल की बहुत ज़रूरत थी क्योंकि पश्चिम बंगाल में असामाजिक तत्व बहुत परेशानी पैदा कर रहे थे। ऐसी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए इस तरह के कानून की जरूरत थी।
Updated on:
13 Jul 2026 08:40 pm
Published on:
13 Jul 2026 07:54 pm
