16 मई 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बंगाल में TMC नेता के घर से पकड़ा गया बांग्लादेशी घुसपैठिया, फर्जी वोटर आईडी-आधार कार्ड भी बरमाद

TMC नेता जॉयनाल आबेदीन के घर से बांग्लादेशी घुसपैठिया पकड़ा गया। 17 साल से बंगाल में रह रहा था। लोकल लोगों ने खुद पकड़कर पुलिस को सौंपा।

2 min read
Google source verification
Arrest News

प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर। (फोटो- IANS)

Bangladeshi infiltrator arrested:पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के हिंगलगंज इलाके में तृणमूल कांग्रेस के नेता के घर से एक बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के मुताबिक, आरोपी शाहिदुल गाजी 2007 से ही यहां रह रहा था और स्थानीय नेता की मदद से वोटर आईडी और आधार कार्ड तक बनवा चुका था।

स्थानीय लोगों ने शुक्रवार रात शाहिदुल को संदिग्ध हालत में देखा और उसे पकड़ लिया। इसके बाद पुलिस को सौंप दिया गया। पुलिस ने रातोंरात कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। बशीरहाट पुलिस जिला अधीक्षक अलकनंदा भवाल ने कहा कि कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और आगे की जांच चल रही है।

टीएमसी पंचायत सदस्य ने दी शरण, कार्ड भी बनवाए

शाहिदुल गाजी ने पुलिस और पत्रकारों के सामने दावा किया कि वह 2007 में सीमा पार करके भारत आया था। तृणमूल कांग्रेस के पंचायत सदस्य जॉयनाल आबेदीन ने उसे अपने घर में शरण दी रही।

आरोप यह है कि टीएमसी नेता ने अपने जानकार गुलाम गाजी के जरिये उसके पिता का कार्ड भी के जरिए बनवाया था। बाद में शाहिदुल ने आधार कार्ड भी बनवा लिया।

मछली बाजार में करता था काम

उसने बताया कि पहले वह जॉयनाल के सैंडल बिल इलाके के मछली बाजार में काम करता था। बाद में उसी इलाके में शादी कर ली और यहां परिवार बस गया। शाहिदुल के अनुसार- सीमा पर पाबंदी के कारण वापस नहीं जा सका। स्थिति सामान्य होते ही परिवार के साथ बांग्लादेश लौट जाऊंगा।

TMC नेता फरार, इलाका छोड़कर भागे

मामला सामने आते ही जॉयनाल आबेदीन और उनके परिवार वाले इलाका छोड़कर कहीं चले गए। पुलिस अब उनकी तलाश कर रही है। हिंगलगंज के हारे हुए तृणमूल उम्मीदवार आनंद सरकार ने कहा कि पहले जांच होनी चाहिए, उसके बाद ही कोई टिप्पणी कर पाएंगे।

शिकायतों पर पहले ध्यान नहीं दिया गया

स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने हिंगलगंज थाने में कई बार शाहिदुल के बारे में शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। आखिरकार लोगों ने खुद मोर्चा संभाला और उसे पकड़ लिया। इस घटना ने सीमा सुरक्षा और अवैध घुसपैठ को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।