
बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी (फोटो-X@VijayKChy)
Bihar Paper Leak Committee: बिहार सरकार ने प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और पेपर लीक की घटनाओं को पूरी तरह रोकने के मकसद से एक अहम कदम उठाया है। इसके लिए सरकार ने पांच सदस्यों वाली एक हाई लेवल कमिटी बनाई है। इस फैसले पर बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी ने कहा कि NDA सरकार छात्रों के भविष्य और उनकी चिंताओं को लेकर बहुत संवेदनशील है। उन्होंने छात्र संगठनों और उनके प्रतिनिधियों से अपील की कि वे आगे आएं और कमिटी के सामने अपने सुझाव और शिकायतें रखें, ताकि परीक्षा व्यवस्था को पूरी तरह से त्रुटिहीन बनाया जा सके।
डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी ने कहा कि जब छात्र उन परीक्षाओं से ही भरोसा खो देते हैं जो उनके करियर को आकार देती हैं, उन्हें नौकरी दिलाती हैं और उनके जीवन की दिशा तय करती हैं, तो असंतोष पैदा होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि जहां दूसरी जगहों पर छात्रों को अपनी मांगों के लिए लंबे आंदोलन करने पड़ रहे हैं, वहीं बिहार में NDA सरकार ने शुरू से ही छात्रों की चिंताओं को समझा है। डिप्टी CM ने कहा कि परीक्षा प्रणाली को लेकर छात्रों की किसी भी आशंका या गलतफहमी को दूर किया जाना चाहिए। छात्रों की ऐसी मांगें पूरी तरह से स्वाभाविक और जायज हैं।
डिप्टी CM ने कहा कि इस पूरी सुधार प्रक्रिया का मुख्य मकसद होनहार छात्रों को आगे लाना और सिस्टम में पारदर्शिता सुनिश्चित करना है। उन्होंने बताया कि सरकार ने संवेदनशीलता दिखाते हुए और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देशों का पालन करते हुए यह पांच सदस्यीय समिति बनाई है। उन्होंने कहा, "हम चाहते हैं कि छात्र प्रतिनिधि और विभिन्न छात्र संगठन आगे आएं और इस समिति के सामने अपने सुझाव और चिंताएं रखें। सरकार का इरादा साफ है कि परीक्षाएं निष्पक्ष होनी चाहिए और किसी भी योग्य छात्र के साथ अन्याय नहीं होना चाहिए।"
इस बीच, डिप्टी CM विजय कुमार चौधरी ने फरक्का बैराज जल समझौते को लेकर RJD प्रमुख लालू प्रसाद यादव के बयान को चौंकाने वाला और पूरी तरह गलत बताया। विजय चौधरी ने कहा कि पूरा बिहार जानता है कि भारत और बांग्लादेश के बीच फरक्का जल समझौते पर दिसंबर 1996 में हस्ताक्षर किए गए थे। उस समय केंद्र में H.D. देवेगौड़ा की सरकार थी और लालू प्रसाद यादव खुद बिहार के मुख्यमंत्री थे। इसमें कोई शक नहीं कि उस समय हुए समझौते में बिहार के हितों को नजरअंदाज किया गया था।
Updated on:
24 Aug 2026 02:35 pm
Published on:
24 Aug 2026 02:33 pm
