
चंडीगढ़ में भाजपा के प्रदेश कार्यालय के बाहर धमाका ।फोटो: Viral on X )
Chandigarh Blast : पंजाब और हरियाणा की राजधानी चंडीगढ़ के सेक्टर 37 में स्थित भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मुख्यालय के बाहर बुधवार शाम अचानक एक जोरदार धमाका हो गया। इस धमाके की आवाज काफी दूर तक सुनी गई, जिसके बाद पूरे इलाके में तुरंत अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। घटना की जानकारी मिलते ही चंडीगढ़ पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और तत्काल प्रभाव से सघन जांच शुरू कर दी गई है। धमाके की सटीक प्रकृति और इसमें इस्तेमाल हुए विस्फोटक सामग्री की वैज्ञानिक पहचान करने के लिए विशेष फॉरेंसिक टीम को भी घटनास्थल पर साक्ष्य जुटाने के लिए बुला लिया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार इस घटना में किसी भी व्यक्ति के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है, लेकिन कार्यालय के बाहर खड़े कुछ दोपहिया और चार पहिया वाहनों को मामूली नुकसान पहुंचा है।
घटना बुधवार शाम लगभग पांच बजे की बताई जा रही है, जब कार्यालय में सामान्य कामकाज चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, धमाका सड़क के किनारे खड़ी एक स्कूटी के पास हुआ। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां और बम निरोधक दस्ता भी तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गया। सुरक्षा बलों ने एहतियात के तौर पर पूरे इलाके को आम लोगों के लिए खाली करवा लिया है और बैरिकेडिंग कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी धमाके के कारणों के बारे में कुछ भी स्पष्ट रूप से कहना जल्दबाजी होगी, लेकिन हर एक पहलू को ध्यान में रखकर गंभीरता से काम किया जा रहा है।
इस घटना के तुरंत बाद पूरे चंडीगढ़ शहर में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। शहर के सभी प्रमुख चौराहों, प्रवेश और निकास मार्गों पर पुलिस की नाकाबंदी कड़ी कर दी गई है। आने-जाने वाले हर संदिग्ध वाहन और व्यक्ति की सघन तलाशी ली जा रही है। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।
भारतीय जनता पार्टी के स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। पार्टी पदाधिकारियों ने इसे शहर का माहौल बिगाड़ने और दहशत फैलाने की एक सोची-समझी साजिश करार दिया है। उन्होंने चंडीगढ़ प्रशासन और पुलिस से मांग की है कि इस घटना के पीछे जिन भी शरारती तत्वों का हाथ है, उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार कर सख्त सजा दी जाए। वहीं, स्थानीय निवासियों में इस घटना को लेकर काफी डर का माहौल है। आम जनता का कहना है कि शहर के इतने शांत और सुरक्षित माने जाने वाले इलाके में धमाका होना कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
चंडीगढ़ पुलिस की जांच टीमें अब घटनास्थल और उसके आसपास लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने में जुट गई हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय वहां कौन-कौन लोग मौजूद थे और क्या किसी संदिग्ध व्यक्ति ने वहां कोई विस्फोटक सामग्री रखी थी। इसके साथ ही, इंटेलिजेंस एजेंसियों को भी अलर्ट कर दिया गया है। फॉरेंसिक विशेषज्ञ घटनास्थल से मिट्टी, वाहनों के टुकड़े और अन्य रासायनिक अवशेष इकट्ठा कर रहे हैं, ताकि उन्हें प्रयोगशाला में भेजकर यह पता लगाया जा सके कि धमाके में किस तरह के रसायन या विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया था।
राजनीतिक और सामाजिक दृष्टिकोण से देखें तो पंजाब और चंडीगढ़ का माहौल हमेशा से संवेदनशील रहा है। ऐसे में किसी प्रमुख राजनीतिक दल के प्रदेश मुख्यालय के बाहर इस तरह की घटना होना सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती है। जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इस घटना का संबंध किसी हालिया राजनीतिक घटनाक्रम या किसी चरमपंथी गुट की गतिविधि से तो नहीं है। यह धमाका ऐसे समय में हुआ है जब देश में विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर हलचल मची हुई है, इसलिए पुलिस किसी भी आतंकी या साजिश के कोण को नकार नहीं रही है और हर स्तर पर सतर्कता बरती जा रही है।
Updated on:
01 Apr 2026 10:09 pm
Published on:
01 Apr 2026 06:33 pm
बड़ी खबरें
View Allराष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
