6 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दिल्ली हाई कोर्ट का मानहानि केस में उद्धव ठाकरे, संजय राउत और आदित्य को समन, 17 अप्रैल को होंगे पेश

Defamation Case मानहानि केस में दिल्ली हाईकोर्ट ने उद्धव ठाकरे, संजय राउत और आदित्य ठाकरे 17 अप्रैल को कोर्ट में पेश होने का आदेश जारी किया है।

2 min read
Google source verification
delhi_high_court_1.jpg

दिल्ली हाई कोर्ट का मानहानि केस में उद्धव ठाकरे, संजय राउत और आदित्य को समन, 17 अप्रैल को होंगे पेश

दिल्ली हाई कोर्ट ने एकनाथ शिंदे गुट के नेता राहुल शेवाल के दायर मानहानि मामले में संजय राउत, उद्धव ठाकरे और आदित्य ठाकरे को तलब किया है। दिल्ली हाई कोर्ट ने इन तीनों को 17 अप्रैल को कोर्ट में हाजिर होने का आदेश दिया है। राहुल शेवाल के दायर मानहानि याचिका में आरोप लगाया गया था कि, एकनाथ शिंदे का समर्थन करने वाले विधायकों और सांसदों पर आपत्तिजनक बयान दिए गए। हाई कोर्ट के अनुसार, अब तीनों को ही कोर्ट के समक्ष व्यक्तिगत तौर पर पेश होना होगा। दिल्ली हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति प्रतीक जालान ने हालांकि, ठाकरे और राउत को कोई भी बयान देने से रोकने के लिए कोई भी अंतरिम आदेश पारित करने से इनकार कर दिया और कहाकि,प्रतिवादियों को सुने बिना कोई अंतरिम आदेश पारित नहीं किया जा सकता है।

सोशल मीडिया को भी नोटिस जारी

शिंदे गुट के विधायकों और सांसदों को लेकर संजय राउत, उद्धव ठाकरे, आदित्य ठाकरे द्वारा दिए गए बयान अभी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स यानी गूगल, फेसबुक, इंस्टाग्राम, ट्विटर पर छाए हुए हैं। मानहानि मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के खिलाफ भी नोटिस जारी किया है।

हाईकोर्ट ने पूछा, अभी तक क्यों नहीं हटाया गया

दिल्ली हाई कोर्ट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से पूछा कि, क्या आपके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अभी भी इन तीनों के विधायकों, सांसदों को लेकर दिए गए बयानों को पोस्ट हैं। उन्हें यह बताने के लिए कहा गया है कि, उन्हें अब तक क्यों नहीं हटाया गया।

वकील की मांग को किया इनकार

एकनाथ शिंदे गुट के नेता राहुल शेवाल की पैरवी कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता राजीव नायर ने हाईकोर्ट से ठाकरे और राउत को कोई और मानहानिकारक आरोप लगाने से रोकने के लिए एक आदेश पारित करने के लिए कहा। पर कोर्ट ने इनकार कर दिया। कोर्ट ने कहा कि, ये राजनीतिक दायरे में आने वाले मामले हैं और यह प्रतिवादियों को सुनने के बाद ही आदेश पारित करेगा।

तीनों ने कई राजनीतिक बयान दिए

शिवसेना के विधायकों और सांसदों ने पार्टी में फूट पड़ने के बाद एकनाथ शिंदे का समर्थन किया था। जिसके बाद भाजपा के सहयोग से महाराष्ट्र में एनडीए की सरकार बनी थीं। इस नाराज होकर उद्धव ठाकरे, संजय राउत और आदित्य ठाकरे ने कई राजनीतिक हमले किए। और यह तक कहा गया था कि, एकनाथ शिंदे ने 2000 करोड़ में शिवसेना का चुनाव चिन्ह भी खरीद लिया था।

यह भी पढ़े - जामिया हिंसा मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने शरजील इमाम सहित 8 अन्य पर आरोप तय किए