
मर्चेंट नेवी के पिता ने सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू से की मुलाकात (Photo-ANI)
Hormuz Ship Attack: होर्मुज के पास एक जहाज पर हुए मिसाइल हमले में इकलौते बेटे को खो चुके हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर निवासी राजेश शर्मा ने पीएम मोदी से न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मोदी सरकार से इस मामले में जिम्मेदारी तय कराए की मांग की है। साथ ही अमेरिका के सामने मुद्दे को मजबूती से उठाने की भी अपील की है।
राजेश शर्मा ने आरोप लगाया कि घटना को एक महीने से अधिक समय बीत जाने के बावजूद अब तक न तो जांच रिपोर्ट सामने आई है और न ही किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई हुई है। ऐसा लगता है जैसे इस पूरे मामले को चुपचाप बंद कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि उनका 23 वर्षीय बेटा आदित्य शर्मा व्यवसायिक जहाज पर मर्चेंट नेवी कैडेट के रूप में तैनात था। उसका क्षेत्रीय संघर्ष से कोई लेना-देना नहीं था, लेकिन मिसाइल हमले में उसकी और दो अन्य भारतीय नाविकों की मौत हो गई।
मर्चेंट नेवी के पिता ने कहा कि उन्होंने सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू से अपील की कि वे मानसून सत्र के दौरान इस मुद्दे को केंद्र सरकार के सामने उठाएं। राजेश शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया है कि वह केंद्र सरकार को पत्र लिखकर अब तक की कार्रवाई की जानकारी मांगेंगे और मृत भारतीय नाविकों को न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यह मामला संसद के मानसून सत्र में उठाया जाएगा।
राजेश शर्मा ने यह भी कहा कि उनके बेटे की होर्मुज में मौत हुई है, इसलिए इसकी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारी मांग सिर्फ इतनी है कि भारत सरकार इस मुद्दे को अमेरिका के सामने मजबूती से उठाए और यह सुनिश्चित करे कि इस हमले के जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय हो।
राजेश शर्मा ने बताया कि मर्चेंट नेवी यूनियनों ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शोकाकुल परिवारों से मुलाकात की मांग करते हुए पत्र लिखा था, लेकिन अब तक कोई जवाब नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि हमारा इकलौता बेटा चला गया। हमें पैसों की जरूरत नहीं है। मुआवजा हमारे बेटे की जगह नहीं ले सकता। हमें सिर्फ न्याय चाहिए।
हमीरपुर निवासी आदित्य शर्मा ने नौटिकल स्टडी पूरी करने के बाद नवंबर 2025 में डेक कैडेट के रूप में मर्चेंट नेवी जॉइन की थी। जून में वह पलाऊ के ध्वज वाले तेल टैंकर 'एमटी सेटेबेलो (MT Settebello)' पर सवार था। होर्मुज जलडमरूमध्य के पास जहाज पर हुए मिसाइल हमले में 24 भारतीय चालक दल के सदस्यों में से 21 को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि आदित्य शर्मा समेत तीन भारतीय नाविकों की मौत हो गई।
Updated on:
20 Jul 2026 02:51 pm
Published on:
20 Jul 2026 02:51 pm
