
पुलिस अधीक्षक विजयसिंह गुर्जर (Photo-IANS)
राजकोट पुलिस ने ऑनलाइन सेक्स पावर बढ़ाने वाली नकली दवाओं की बिक्री के बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया है। साइबर क्राइम यूनिट की कार्रवाई में 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जो फर्जी कॉल सेंटर चलाकर लोगों को ठग रहे थे। देशभर में फर्जी कॉल सेंटरों के जरिए स्वास्थ्य उत्पादों की ठगी बढ़ रही है। राजकोट पुलिस ने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि राजकोट में एक कॉल सेंटर संचालित हो रहा है, जहां आरोपी खुद को डॉक्टर या मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव बताकर लोगों को गुमराह करते थे। यह गिरोह सोशल मीडिया और फोन कॉल्स के जरिए ग्राहकों को लुभाता था। मात्र 120 रुपये की लागत वाली नकली दवाओं को 1,200 रुपये में बेचकर मोटा मुनाफा कमाया जा रहा था। दो महीनों में गिरोह ने करीब 4,000 लोगों से संपर्क किया और सैकड़ों को शिकार बनाया।
जांच में खुलासा हुआ कि दवाओं की मैन्युफैक्चरिंग अहमदाबाद में हो रही थी। एक शख्स, किशन, इन नकली दवाओं को पैक कर कूरियर के जरिए भेजता था। पुलिस ने कॉल सेंटर पर छापा मारकर 8 लैपटॉप, 17 मोबाइल फोन और लाखों रुपये का माल जब्त किया। पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि वे आयुर्वेदिक और हर्बल दवाओं के नाम पर नकली और हानिकारक गोलियां बेच रहे थे।
पुलिस अधीक्षक विजयसिंह गुर्जर ने बताया, यह ऑपरेशन साइबर क्राइम यूनिट की सतर्कता का नतीजा है। हम अन्य संदिग्धों की तलाश कर रहे हैं। मामले में धोखाधड़ी और साइबर अपराध की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। गुर्जर ने लोगों से अपील की कि वे ऐसी संदिग्ध दवाओं से बचें और केवल सत्यापित स्रोतों से खरीदारी करें। इस कार्रवाई से नकली दवा रैकेट पर लगाम लगने की उम्मीद है। जांच आगे के खुलासों की ओर बढ़ रही है।
Published on:
04 Oct 2025 10:57 pm
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