
भारत में कुछ क्षेत्रों में महिलाओं में फेफड़ों के कैंसर के मामले हर साल लगभग 6.7% और पुरुषों में 4.3% की दर से बढ़ रहे हैं। (AI Generated Image)
ICMR Lung Cancer Study: भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के एक हालिया अध्ययन में चेतावनी दी गई है कि 2030 तक भारत में फेफड़ों के कैंसर के मामलों में तेज बढ़ोतरी हो सकती है। महिलाओं में मामलों की बढ़ोतरी की रफ्तार पुरुषों की तुलना में सबसे तेज रहेगी। इस अध्ययन में देश के छह क्षेत्रों में फैली आबादी के आंकड़ों का विश्लेषण किया गया। इसमें पाया गया कि उत्तर-पूर्व में फेफड़ों के कैंसर की दर सबसे अधिक है। यहां महिलाओं में इसके मामले पुरुषों के लगभग बराबर पहुंच चुके हैं। मिजोरम की राजधानी आइजोल में मृत्यु दर भी सबसे ऊंची पाई गई।
अध्ययन में पाया गया कि केरल के कन्नूर, कासरगोड और कोल्लम जैसे जिलों में पुरुषों में फेफड़ों के कैंसर की दर अधिक है, जबकि वहां तंबाकू और शराब का सेवन कम है। दक्षिण भारत में महिलाओं में हैदराबाद और बेंगलुरु में सबसे अधिक मामले सामने आए। उत्तर भारत में श्रीनगर में पुरुषों में फेफड़ों के कैंसर की दर अधिक रही, जबकि श्रीनगर और पुलवामा में महिलाओं में भी कम नशे के बावजूद उच्च दर दर्ज की गई।
कुछ क्षेत्रों में महिलाओं में फेफड़ों के कैंसर के मामले हर साल लगभग 6.7% और पुरुषों में 4.3% की दर से बढ़ रहे हैं। तिरुवनंतपुरम में महिलाओं और डिंडीगुल में पुरुषों में सबसे तेज बढ़ोतरी देखी गई। अनुमान है कि 2030 तक केरल के कुछ हिस्सों में पुरुषों में फेफड़ों के कैंसर की दर प्रति लाख 33 केस से अधिक हो सकती है। बेंगलुरु में महिलाओं में यह आंकड़ा 8 प्रति लाख से ऊपर जा सकता है।
Updated on:
10 Jan 2026 05:12 am
Published on:
10 Jan 2026 05:11 am
बड़ी खबरें
View Allबिहार चुनाव
राष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
