29 जुलाई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

UNSC में भारत की दो टूक, ‘होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल शिप पर हमले बंद हों, गाजा के मानवीय संकट को न भूलें’

UNSC में भारत ने पश्चिम एशिया संकट पर चिंता जताई। होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल शिप पर हमलों की निंदा करते हुए गाजा के मानवीय संकट पर दुनिया का ध्यान खींचा।
2 min read
Google source verification
India at UNSC on West Asia crisis.

संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत परवथनेनी हरीश। (Photo/X/@IndiaUNNewYork)

India at UNSC: भारत ने एक बार फिर पश्चिम एशिया में तनाव कम करने की अपील की है। साथ ही, होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल जहाजों पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान गाजा में जारी मानवीय संकट की ओर भी दिलाया है। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की तिमाही ओपन डिबेट में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत परवथनेनी हरीश ने कहा कि पश्चिम एशिया में एक बार फिर बढ़ते हमले और हिंसा गंभीर चिंता का विषय हैं। उन्होंने सभी पक्षों से तत्काल तनाव कम करने की अपील की।

भारत ने होर्मुज स्ट्रेट में GFS Galaxy, MT Al Bahiyah और MT Mombasa समेत वाणिज्यिक जहाजों पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की। साथ ही कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर कमर्शियल जहाजों को निशाना बनाना तुरंत बंद होना चाहिए।

परवथनेनी हरीश ने कहा कि इन हमलों में कई भारतीय घायल हुए हैं, जिनमें कुछ की हालत गंभीर है। एक भारतीय नागरिक की मौत हो चुकी है, जबकि एक अन्य अब भी लापता है। उन्होंने कहा कि भारत हमेशा नाविकों को निशाना बनाने और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर सुरक्षित एवं निर्बाध आवाजाही में बाधा डालने वाली हिंसा की निंदा करता रहा है।

पश्चिम एशिया से भारत के अहम हित जुड़े

परवथनेनी हरीश ने कहा, 'पश्चिम एशिया भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है। इस क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता से हमारे कई अहम हित जुड़े हैं। भारत का व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति काफी हद तक इसी क्षेत्र पर निर्भर है।'

उन्होंने बताया कि भारत का इस क्षेत्र के साथ करीब 180 अरब अमेरिकी डॉलर का वार्षिक द्विपक्षीय व्यापार है। यहां से 31 अरब डॉलर से अधिक का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश आता है। वहीं, केवल खाड़ी सहयोग परिषद के देशों से 52 अरब डॉलर से अधिक का वार्षिक रेमिटेंस भारत पहुंचता है। उन्होंने कहा कि खाड़ी क्षेत्र में करीब एक करोड़ भारतीय रहते और काम करते हैं। उनकी सुरक्षा और भलाई भारत की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

गाजा के मानवीय संकट पर भी जताई चिंता

भारत ने कहा कि दुनिया का ध्यान भले ही होर्मुज स्ट्रेट पर हो, लेकिन गाजा में जारी मानवीय संकट को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। परवथनेनी हरीश ने कहा, 'गाजा पट्टी में बड़ी संख्या में नागरिकों की मौत और नागरिक बुनियादी ढांचे का विनाश बेहद गंभीर चिंता का विषय है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय को इस दिशा में तत्काल प्रभावी कदम उठाने चाहिए। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों, विशेषकर UNSC प्रस्ताव 2803, का पूरी तरह पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए।'

दो-राष्ट्र समाधान के समर्थन को दोहराया

भारत ने फिलिस्तीनी जनता के प्रति अपने लंबे समय से चले आ रहे समर्थन को भी दोहराया। भारत ने बताया कि वह अब तक विकास परियोजनाओं, मानवीय सहायता और UNRWA को योगदान सहित लगभग 175 मिलियन अमेरिकी डॉलर की सहायता दे चुका है।

भारत ने एक बार फिर दो-राष्ट्र समाधान का समर्थन किया। यानी इजराइल और फिलिस्तीन, दोनों स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में शांति और सुरक्षित सीमाओं के साथ एक-दूसरे के साथ रहें।

बड़ी खबरें

View All

राष्ट्रीय

ट्रेंडिंग