22 अगस्त 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

मेघालय की राजधानी शिलांग में पेट्रोल पंप पर वाहनों की लगी लंबी कतारें, आखिर क्यों मचा ईंधन संकट का डर?

Shillong Petrol Pump Long Lines: असम-मेघालय तनाव के बीच शिलांग में पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग गई हैं। ईंधन की सप्लाई प्रभावित होने की आशंका से लोगों में पेट्रोल-डीजल की किल्लत का डर बढ़ गया है।
2 min read
Google source verification
Assam Meghalaya tension.

मेघायल की राजधानी शिलांग में पेट्रोल पंप पर वाहनों की लगी लंबी कतारें। (Photo- ANI)

Long queues at Shillong Petrol Pumps: मेघालय की राजधानी शिलांग में पेट्रोल पंपों पर लोगों की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। लोग लंबा इंतजार कर अपने वाहनों की टंकियों में पेट्रोल-डीजल भरवाते हुए नजर आए। इसे असम और मेघालय के बीच बढ़ते तनाव के चलते ईंधन की सप्लाई प्रभावित होने की आशंका से जोड़कर देखा जा रहा है। लोगों को डर है कि अगर दोनों राज्यों के बीच आवाजाही और सामान की सप्लाई बाधित रही तो पेट्रोल-डीजल की किल्लत पैदा हो सकती है।

इस संबंध में एक स्थानीय व्यक्ति ने कहा, 'संकट हो सकता है, इसलिए इतनी भीड़ है… पेट्रोल के बिना जिंदगी मुश्किल है।' वहीं, एक अन्य व्यक्ति ने कहा कि स्थिति कब सामान्य होगी, यह बैठक के बाद ही स्पष्ट होगा। एक स्थानीय ने दावा किया कि उसे जानकारी मिली है कि असम से ईंधन की सप्लाई रुक गई है।

ऐसी स्थिति क्यों उपजी?

मेघालय की राजधानी शिलांग में पेट्रोल पंपों पर उमड़ी भीड़ के पीछे 19 अगस्त की हिंसक घटना को अहम वजह माना जा रहा है। उस दिन खासी स्टूडेंट्स यूनियन (KSU) की ओर से काली झंडे वाली बाइक रैली निकाली गई थी। प्रदर्शन के दौरान स्थिति बिगड़ गई थी, जिसके चलते पथराव, वाहनों पर हमले और आगजनी की घटनाएं हुईं। कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए, जिनमें असम नंबर वाले वाहन भी शामिल थे। इस दौरान प्रतिमाओं में कथित तौर पर तोड़फोड़ की गई थी। हिंसा के मामले में मेघालय पुलिस ने छात्र संगठन के तीन प्रमुख नेताओं को गिरफ्तार किया है।

हिंसक घटनाओं और शिलांग में असम पंजीकरण वाले वाहनों पर हमलों के बाद असम कैब ड्राइवर्स एसोसिएशन और स्थानीय लोग 20 अगस्त से असम-मेघालय सीमा के जोरबाट इलाके में प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी एंबुलेंस और छात्रों को ले जाने वाले वाहनों को छोड़कर मेघालय से आने वाले किसी भी वाहन को असम में प्रवेश नहीं करने दे रहे हैं।

इस बीच, पेट्रोलियम कर्मचारियों ने मेघालय में ईंधन की लोडिंग और अनलोडिंग का काम रोक दिया है। इसके कारण शिलांग में पेट्रोल-डीजल की कमी की आशंका बढ़ गई है।

दोनों राज्यों के लोगों से शांति और सौहार्द की अपील

असम के सीमा संरक्षण एवं विकास मंत्री अतुल बोरा ने बताया कि असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा के निर्देश पर उन्होंने मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा से बातचीत की है। उन्होंने बताया कि मेघालय के मुख्यमंत्री ने उपमुख्यमंत्री एस. धर को स्थिति पर चर्चा करने और दोनों राज्यों के बीच शांति तथा सुचारू आवागमन बहाल करने के उपाय तलाशने की जिम्मेदारी दी है।

अतुल बोरा ने दोनों राज्यों के लोगों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा, 'मैं दोनों राज्यों के लोगों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील करता हूं, क्योंकि हमारे संबंध बहुत पुराने हैं।' असम सरकार ने मेघालय में फंसे या आवागमन में परेशानी का सामना कर रहे असम के लोगों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं।