
टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा (फोटो सोर्स - ANI)
Mahua Moitra Arrest Warrant: तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद महुआ मोइत्रा को नफरती भाषण से जुड़े मामले में कलकत्ता हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने कृष्णानगर की अदालत से जारी गिरफ्तारी वारंट पर अंतरिम रोक लगा दी है। अब 31 अगस्त तक महुआ मोइत्रा के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जा सकेगी। कलकत्ता हाईकोर्ट की न्यायमूर्ति देबांग्शु बसाक और न्यायमूर्ति आर्यक दत्ता की खंडपीठ ने सोमवार को यह आदेश दिया। अदालत महुआ मोइत्रा की उस याचिका पर 27 अगस्त को सुनवाई करेगी, जिसमें उन्होंने निचली अदालत के गिरफ्तारी वारंट को चुनौती दी है।
महुआ मोइत्रा के खिलाफ पश्चिम बंगाल के नादिया जिले की कृष्णानगर अदालत ने 19 अगस्त को गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। यह वारंट अदालत के सामने बार-बार पेश होने के निर्देश का पालन नहीं करने के आधार पर जारी किया गया था। इसके बाद महुआ मोइत्रा ने कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख किया और गिरफ्तारी वारंट को चुनौती दी।
सुनवाई के दौरान महुआ मोइत्रा के वकील ने हाईकोर्ट में कहा कि निचली अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी करने से पहले उनके व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने से छूट देने वाली याचिका पर फैसला नहीं किया था।
यह याचिका भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 228 के तहत दाखिल की गई थी। इस प्रावधान के तहत आरोपी अदालत से व्यक्तिगत रूप से पेश होने से छूट मांग सकता है। महुआ मोइत्रा का कहना है कि उन्होंने पहले भी अदालत में पेश होने से छूट मांगी थी लेकिन उनकी याचिका पर फैसला किए बिना गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया गया।
यह मामला चैना नंदी और पांच अन्य लोगों की शिकायत से जुड़ा है। शिकायतकर्ताओं ने महुआ मोइत्रा पर केंद्रीय गृह मंत्री, सशस्त्र बलों और हिंदू धार्मिक मान्यताओं एवं प्रतीकों, जिसमें तुलसी माला भी शामिल है, को लेकर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ताओं का दावा है कि महुआ मोइत्रा की टिप्पणियों से उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुईं।
महुआ मोइत्रा ने पहले कहा था कि वह 4 और 12 अगस्त को अदालत में पेश नहीं हो सकी थीं क्योंकि वह संसद की कार्यवाही में शामिल थीं। इसी दौरान कृष्णानगर अदालत में वकीलों की हड़ताल भी चल रही थी।
इसके बाद अदालत ने उन्हें 18 अगस्त को पेश होने का निर्देश दिया था। महुआ के मुताबिक, उस समय वह दिल्ली में थीं और उनके वकील ने व्यक्तिगत रूप से पेश होने से छूट देने की मांग की थी।
उनका कहना था कि अदालत ने उन्हें अगली सुबह व्यक्तिगत रूप से पेश होने का निर्देश दिया, जिससे दिल्ली से कृष्णानगर पहुंचने के लिए उन्हें 24 घंटे से भी कम समय मिला। इसके बाद उनके वकील ने छूट की याचिका पर फैसला करने का अनुरोध किया, लेकिन अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया।
कृष्णानगर अदालत ने गिरफ्तारी वारंट की तामील से जुड़ी रिपोर्ट 28 अगस्त तक पेश करने का निर्देश दिया था। हालांकि, अब कलकत्ता हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद महुआ मोइत्रा को 31 अगस्त तक गिरफ्तारी से राहत मिल गई है। महुआ की याचिका पर हाईकोर्ट में अगली सुनवाई 27 अगस्त को होगी।
Updated on:
24 Aug 2026 06:22 pm
Published on:
24 Aug 2026 06:03 pm
