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TMC Crisis: पार्टी छोड़ने वाले नेताओं पर ममता बनर्जी का पलटवार, बोलीं- ‘भाजपा ने कुछ ‘गद्दारों’ को चुना है क्योंकि उनके पास संगठन नहीं है’

TMC: टीएमसी विधायक मदन मित्रा के बागी गुट में शामिल होने के बाद ममता बनर्जी ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने ईडी समन का भी जिक्र किया और अभिषेक बनर्जी का बचाव करते हुए कहा कि उन्हें पार्टी पर हमले का बहाना बनाया जा रहा है।
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ममता बनर्जी(फोटो-IANS)

Mamata Banerjee: ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी में भगदड़ खत्म होने के नाम नहीं ले रही है। पहले ही कई नेताओं के पार्टी छोड़कर अलग गुट बनाने के बाद अब करीबी नेता और ममता सरकार में मंत्री रहे मदन मित्रा ने भी ममता बनर्जी का साथ छोड़ दिया है। इसके बाद ममता बनर्जी ने एक वीडियो जारी करके अपने पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। वहीं बीजेपी पर भी करारा हमला किया। अपने वीडियो मैसेज में ममता बनर्जी ने कहा कि भाजपा ने कुछ 'गद्दारों' को चुना है क्योंकि उनके पास संगठन नहीं है।

जो लोग पार्टी छोड़ना चाहते हैं, वे जा सकते हैं-ममता

पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग पार्टी छोड़ना चाहते हैं, वे जा सकते हैं। साथ ही आरोप लगाया कि बीजेपी चाहती है कि ये सब देखकर उन्हें हार्ट अटैक आए, लेकिन वह बीजेपी के राजनीतिक अंत तक जिंदा रहेंगी। बुधवार को फेसबुक लाइव के दौरान ममता बनर्जी ने कहा, 'जो जाना चाहते हैं, वे जा सकते हैं। बीजेपी चाहती थी कि मुझे हार्ट अटैक आए, लेकिन मैं तुम्हारा अंत देखने तक जिंदा रहूंगी।

मदन मित्रा पर ममता बनर्जी ने क्या कहा?

टीएमसी विधायक मदन मित्रा ने बुधवार को ममता बनर्जी के खेमे से अलग होकर रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट का दामन थाम लिया। मदन मित्रा के पार्टी छोड़ने पर प्रतिक्रिया देते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि उनके फैसले के पीछे अभिषेक बनर्जी नहीं, बल्कि ED की कार्रवाई है। ममता के मुताबिक, मंगलवार को ईडी ने मदन मित्रा की पत्नी और उनके दोनों बेटों को समन भेजा था। उन्होंने दावा किया कि इसी दबाव के कारण मित्रा ने पार्टी छोड़ी।

अभिषेक को बहाना बनाया जा रहा है- ममता बनर्जी

ममता बनर्जी ने कहा कि अभिषेक बनर्जी को लगातार निशाना बनाया जा रहा है और उन्हें पार्टी पर हमले का बहाना बनाया गया है। उन्होंने आगे कहा कि अभिषेक और उनके परिवार के सदस्यों को भी कई बार समन भेजे गए, लेकिन उन्होंने किसी तरह की राहत पाने के लिए समझौता नहीं किया। ममता ने कहा कि अभिषेक राजनीतिक लड़ाई से पीछे नहीं हटे और जिस तरह उन्होंने संघर्ष जारी रखा, उससे उनकी कमियां भी लोगों ने भुला दीं।