13 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अखिलेश से अपर्णा तक, मुलायम परिवार के कौन-कौन सदस्य राजनीति में आए?

Samajwadi Party Family: उत्तर प्रदेश की राजनीति में मुलायम सिंह यादव का परिवार लंबे समय से अहम भूमिका निभाता रहा है। अखिलेश यादव, डिंपल यादव, शिवपाल यादव और अपर्णा यादव समेत परिवार के कई सदस्य सक्रिय राजनीति में हैं, जबकि कुछ सदस्यों ने राजनीति से दूरी भी बनाए रखी।

3 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Ashib Khan

May 13, 2026

Mulayam Singh Yadav family

अपर्णा यादव और अखिलेश यादव (Photo-IANS)

Mulayam Singh Yadav Family: उत्तर प्रदेश की राजनीति में मुलायम सिंह यादव का परिवार हमेशा से सियासी विरासत का बड़ा केंद्र रहा है। देश के राजनीतिक परिवारों में भी इसे गिना जाता है। मुलायम सिंह यादव ने समाजवादी आंदोलन से अपनी पहचान बनाई और कई बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे। इसके बाद परिवार के कई सदस्य सक्रिय राजनीति में आए।

अखिलेश यादव ने पिता की राजनीतिक विरासत संभाली। वहीं परिवार के कई सदस्य भी लोकसभा, विधानसभा और संगठन में सक्रिय रहे। हालांकि कई सदस्यों ने राजनीति से भी दूरी बनाई। आइए जानते है मुलायम सिंह यादव के परिवार में से कौन-कौन से सदस्य राजनीति में आए…

1- मुलायम सिंह यादव

मुलायम सिंह यादव ने 1967 में राजनीतिक सफर की शुरुआत की और जसवंतनगर सीट से विधायक चुने गए। इसके बाद प्रदेश की राजनीति में उन्होंने मजबूत पकड़ बनाई। मुलायम सिंह यादव उत्तर प्रदेश के तीन बार मुख्यमंत्री रहे और कई बार विधायक और सांसद भी चुने गए। 

2- अखिलेश यादव

अखिलेश यादव ने 2000 में कन्नौज लोकसभा सीट से चुनाव जीता था। इसके बाद 2004 और 2009 में भी कन्नौज सीट से उन्होंने चुनाव में जीत दर्ज की थी। 2012 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने समाजवादी पार्टी को पहली बार पूर्ण बहुमत दिलाया और यूपी के सबसे युवा मुख्यमंत्री बने। हालांकि 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा और कांग्रेस ने गठबंधन किया था, लेकिन बीजेपी से हार का सामना करना पड़ा।

3- डिंपल यादव

डिंपल यादव समाजवादी पार्टी (सपा) की वरिष्ठ नेता और लोकसभा सांसद हैं। वे उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की पत्नी हैं। वे वर्तमान में मैनपुरी लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं। 

डिंपल यादव का राजनीतिक सफर 2009 से शुरू हुआ। 2009 में फिरोजबाद लोकसभा उपचुनाव में डिंपल को सपा से प्रत्याशी बनाया था, हालांकि कांग्रेस के राज बब्बर से उन्हें हार का सामना करना पड़ा। 

2012 में अखिलेश के सीएम बनने के बाद अखिलेश के सीट छोड़ने के बाद डिंपल ने उपचुनाव में निर्विरोध चुनाव जीता। 2014 में उन्होंने मोदी लहर के बाद भी कन्नौज से जीत हासिल की; हालांकि, 2019 के लोकसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा। 

4- रामगोपाल यादव

रामगोपाल यादव, समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, राष्ट्रीय महासचिव और राज्यसभा सांसद हैं। वे मुलायम सिंह यादव के चचेरे भाई हैं और यूपी की राजनीति में यादव परिवार के प्रमुख चेहरों में से एक हैं। 

5- अक्षय यादव

अक्षय यादव को 2014 में समाजवादी पार्टी ने फिरोजाबाद से टिकट दिया था। उन्होंने इस चुनाव में जीत हासिल की। कांग्रेस प्रत्याशी राज बब्बर को 1 लाख से ज्यादा वोटों से हराया। 2019 में फिर उन्हें टिकट दिया गया, लेकिन बीजेपी प्रत्याशी से हार का सामना करना पड़ा। 2024 में पार्टी ने एक बार फिर उन पर विश्वास जताया और जीत हासिल की। 

6- संध्या यादव

संध्या यादव ने राजनीतिक सफर समाजवादी पार्टी से शुरू कर बाद में बीजेपी का दामन थाम लिया। दरअसल, अखिलेश यादव के नेतृत्व में सपा में बदलाव और चाचा-भतीजे के झगड़ों के बीच संध्या को उपेक्षा का शिकार बताकर परिवार से दूरी बढ़ी। उनके पति अनुजेश यादव 2019 में ही भाजपा में शामिल हो चुके थे। इसके बाद वह 2021 में बीजेपी में शामिल हो गई। 

7- शिवपाल सिंह यादव

शिवपाल सिंह यादव समाजवाद पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव भी रह चुके हैं। वे लगातार जसवंतनगर (इटावा) विधानसभा सीट से विधायक हैं। 

8- प्रतीक यादव

प्रतीक यादव, मुलायम सिंह यादव और उनकी दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे थे। प्रतीक राजनीति से दूर रहे। वे जिम व रियल एस्टेट कारोबार में सक्रिय रहे। हालांकि उनकी पत्नी राजनीति में सक्रिय रहीं।

9- अपर्णा यादव

अपर्णा यादव, मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव की पत्नी हैं। अपर्णा ने भी राजनीतिक सफर सपा से शुरू किया था, लेकिन बाद में बीजेपी में शामिल हो गई। अपर्णा ने सपा के टिकट पर 2017 में लखनऊ कैंट से विधानसभा चुनाव लड़ा था, लेकिन हार का सामना करना पड़ा। अपर्णा ने 2022 में विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी का दामन थाम लिया था।